दुबई पहुंची सुधा घी और लस्सी, Gulfood 2026 में बिहार के डेयरी उत्पादों का डंका

दुबई के 'Gulfood 2026' में बिहार के 'सुधा' की धूम! अंतरराष्ट्रीय मंच पर प्रदर्शित हुए सुधा के दूध, घी और मिठाइयाँ। 'मेड इन इंडिया' उत्पादों को वैश्विक पहचान दिलाने की बड़ी पहल

दुबई पहुंची सुधा घी और लस्सी, Gulfood 2026 में बिहार के डेयर

Patna - बिहार का गौरव और डेयरी जगत का जाना-माना नाम 'सुधा' (COMFED) अब अंतरराष्ट्रीय बाजारों में अपनी धाक जमा रहा है। 26 जनवरी से 30 जनवरी तक दुबई में आयोजित विश्व की सबसे प्रतिष्ठित खाद्य एवं पेय प्रदर्शनी 'Gulfood 2026' में सुधा सक्रिय रूप से भाग ले रहा है। बिहार मत्स्य एवं पशुपालन विभाग ने जानकारी दी है कि इस प्रदर्शनी के जरिए सुधा के उत्पादों को सात समंदर पार एक नई पहचान मिल रही है।

दूध से लेकर मिठाइयों तकशुद्धता का विदेशी मुरीद

Gulfood 2026 में सुधा के उत्पादों की पूरी श्रृंखला को प्रदर्शित किया गया है। इसमें सुधा का शुद्ध घी, उच्च गुणवत्ता वाला दूध, लस्सी और विभिन्न प्रकार की पारंपरिक मिठाइयाँ शामिल हैं। अपनी शुद्धता और बेमिसाल स्वाद के लिए प्रसिद्ध सुधा के स्टॉल पर अंतरराष्ट्रीय खरीदारों और विशेषज्ञों की खासी रुचि देखी जा रही है।

'Made in India' डेयरी को अंतरराष्ट्रीय पहचान

COMFED का यह कदम केंद्र सरकार के 'Made in India' मिशन को वैश्विक स्तर पर मजबूती दे रहा है। भारतीय डेयरी उद्योग की विश्वसनीयता को सुदृढ़ करते हुए सुधा अब अंतरराष्ट्रीय मानकों पर खरा उतरने के लिए तैयार है। इस प्रदर्शनी से बिहार के डेयरी उत्पादों के लिए निर्यात (Export) के नए रास्ते खुलने की पूरी संभावना है, जिससे राज्य के लाखों दुग्ध उत्पादक किसानों को सीधा लाभ मिलेगा।

पशुपालन विभाग की बड़ी उपलब्धि

बिहार मत्स्य एवं पशुपालन विभाग के अनुसार, सुधा की वैश्विक उपस्थिति राज्य के कृषि और पशुपालन क्षेत्र के विकास का प्रमाण है। दुबई जैसी जगहों पर उत्पादों का प्रदर्शन न केवल ब्रांड की वैल्यू बढ़ाता है, बल्कि वैश्विक खाद्य सुरक्षा और व्यापार संबंधों में भी बिहार की हिस्सेदारी सुनिश्चित करता है।

30 जनवरी तक चलेगा आयोजन

Gulfood प्रदर्शनी में दुनिया भर के दिग्गज खाद्य ब्रांड हिस्सा ले रहे हैं। 30 जनवरी तक चलने वाले इस आयोजन में सुधा का लक्ष्य अंतरराष्ट्रीय वितरकों (Distributors) के साथ नेटवर्क स्थापित करना है। विभाग को उम्मीद है कि इस प्रदर्शनी के बाद मध्य-पूर्व के देशों (Middle East) में सुधा के उत्पादों की मांग में बड़ा उछाल आएगा।