सिमराही में 10 करोड़ का आरओबी शुरू: आधी रात खुला जाम का 'ताला', अब गुमटी पर नहीं रुकेंगे एंबुलेंस और मुसाफिर!

सुपौल के सिमराही में 10 करोड़ की लागत से बना आरओबी शुरू! बुधवार रात 11 बजे से बिना औपचारिक उद्घाटन के खुला पुल। एनएच 106 पर अब रेलवे गुमटी का घंटों लंबा जाम नहीं झेलना होगा।

सिमराही में 10 करोड़ का आरओबी शुरू: आधी रात खुला जाम का 'ताल

Supaul - : सुपौल के सिमराही में राष्ट्रीय राजमार्ग 106 पर बने नए रेल ओवरब्रिज (ROB) को बुधवार की रात अनौपचारिक रूप से आम लोगों के लिए खोल दिया गया। करीब 10 करोड़ की लागत से तैयार इस पुल के शुरू होने से भीमनगर से मधेपुरा के बीच सफर करने वाले यात्रियों को बरसों पुराने जाम से मुक्ति मिल गई है।

बिना उद्घाटन के शुरू हुआ 'फर्राटा' सफर

करीब डेढ़ महीने से बनकर तैयार सिमराही आरओबी पर बुधवार रात 11 बजे अचानक हलचल बढ़ गई। किसी औपचारिक समारोह या जनप्रतिनिधियों की प्रतीक्षा किए बिना, एनएच डिवीजन मधेपुरा के अधिकारियों ने अंतिम निरीक्षण के बाद इसे परिचालन के लिए हरी झंडी दे दी। रात में ही दोपहिया और चारपहिया वाहन इस 1 किलोमीटर लंबे पुल पर बिना किसी अवरोध के दौड़ते नजर आए।

जाम की समस्या का हुआ स्थायी समाधान

सिमराही की यह रेलवे गुमटी स्थानीय लोगों और एनएच 106 से गुजरने वाले मुसाफिरों के लिए बड़ी मुसीबत बनी हुई थी। ट्रेन गुजरने के दौरान गुमटी बंद होने से यहां गाड़ियों की लंबी कतारें लग जाती थीं, जिसमें गंभीर मरीजों को ले जा रही एंबुलेंस भी अक्सर फंसी रहती थीं। अब 115 मीटर मुख्य पुल और दोनों तरफ 450-450 मीटर के एप्रोच ब्रिज ने इस समस्या को हमेशा के लिए खत्म कर दिया है।

675 करोड़ की सड़क परियोजना का अहम हिस्सा

यह आरओबी मधेपुरा एनएच डिवीजन के तहत आने वाली 675 करोड़ रुपये की बड़ी सड़क परियोजना का हिस्सा है। एनएच 106 (अब 131) भीमनगर (नेपाल बॉर्डर) से मधेपुरा के उदाकिशनगंज तक करीब 106 किलोमीटर लंबा है। साल 2016 में शुरू हुआ यह प्रोजेक्ट अब जाकर पूरी तरह पूर्ण हुआ है, जिससे सीमावर्ती इलाकों में कनेक्टिविटी और व्यापार को मजबूती मिलेगी।

गुमटी बंद होने की आहट से स्थानीय लोग सशंकित

एक तरफ जहां जाम से राहत मिली है, वहीं पुल के दोनों ओर बसे स्थानीय निवासी थोड़े चिंतित भी हैं। रेलवे ने राघोपुर रेलवे गुमटी को पूरी तरह बंद करने का आदेश जारी कर दिया है। सीनियर सेक्शन इंजीनियर सुभाष कुमार के अनुसार, जल्द ही गुमटी को स्थायी रूप से बंद कर दिया जाएगा। स्थानीय लोगों को डर है कि गुमटी बंद होने से उन्हें सड़क के दूसरी ओर जाने के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ेगी।

रिपोर्ट - विजय कुमार सिन्हा