देवालय पर तीसरी बार डाका, पीरो के ऐतिहासिक राम जानकी मंदिर से राम-सीता-लक्ष्मण की प्रतिमाएं चोरी, CCTV की हार्ड डिस्क भी ले उड़े बदमाश

Bihar Crime: बिहार के भोजपुर जिले के पीरो अनुमंडल स्थित ऐतिहासिक पीटरो राम-जानकी मंदिर एक बार फिर बेखौफ चोरों के निशाने पर आ गया। ....

ara Historic Ram Janaki Temple Hit by Third Idol Theft in Bi
देवालय पर तीसरी बार डाका- फोटो : reporter

Bihar Crime: बिहार के भोजपुर जिले के पीरो अनुमंडल स्थित ऐतिहासिक पीटरो राम-जानकी मंदिर एक बार फिर बेखौफ चोरों के निशाने पर आ गया। अगीयांव बाजार थाना क्षेत्र के लहठान पंचायत स्थित इस प्राचीन मंदिर से अज्ञात बदमाश भगवान राम, लक्ष्मण और माता सीता की प्रतिमाएं चोरी कर फरार हो गए। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी अपने पीछे कोई सुराग न छोड़ें, इसके लिए मंदिर में लगे सीसीटीवी कैमरों की हार्ड डिस्क भी उखाड़कर साथ ले गए। इस दुस्साहसिक चोरी के बाद पूरे इलाके में गुस्सा और दहशत का माहौल है।

ग्रामीणों के अनुसार वर्ष 1911 में स्थापित यह मंदिर क्षेत्र की आस्था का प्रमुख केंद्र है। शनिवार रात करीब नौ बजे महंत रामसूरत सिंह मंदिर का पट बंद कर अपने घर चले गए थे। रविवार तड़के जब पुजारी नियमित पूजा के लिए पहुंचे तो गर्भगृह की बाहरी कुंडी खुली मिली। अंदर का मंजर देखकर उनके होश उड़ गए। बदमाशों ने पहले कटर से मंदिर का दरवाजा काटने की कोशिश की, लेकिन नाकाम रहने पर लोहे की रॉड से दरवाजा उखाड़ दिया और गर्भगृह से भगवान की प्रतिमाएं तथा सीसीटीवी की हार्ड डिस्क लेकर फरार हो गए।

हैरानी की बात यह है कि इस मंदिर में प्रतिमा चोरी की यह तीसरी घटना है। इससे पहले 14 मई 2013 को भी प्रतिमाएं चोरी हुई थीं। उस दौरान चोरी का विरोध करने पर तत्कालीन महंत शिवबचन दास की निर्मम हत्या कर दी गई थी। बाद में पुलिस ने प्रतिमाएं बरामद कर मामले का खुलासा किया और कई आरोपियों को गिरफ्तार किया। वर्ष 2019 में न्यायालय से प्रतिमाएं रिलीज होने के बाद वैदिक रीति-रिवाज से दोबारा प्राण-प्रतिष्ठा कराई गई थी। वहीं 2025 में भी चोर प्रतिमाएं चुराकर भाग रहे थे, लेकिन क्रिकेट खेल रहे बच्चों की सतर्कता से वे प्रतिमाएं छोड़कर फरार हो गए थे।

इस बार भी पुलिस ने पूरे मामले की तहकीकात तेज कर दी है। पीरो अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी स्नेह सेतु के अनुसार एफएसएल (फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी) की टीम घटनास्थल से वैज्ञानिक साक्ष्य और नमूने जुटा चुकी है। तकनीकी और वैज्ञानिक जांच के आधार पर अपराधियों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है और जल्द ही पूरे मामले का खुलासा करने का दावा किया गया है। लगातार तीसरी बार हुई इस वारदात ने मंदिरों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीणों ने प्रतिमाओं की शीघ्र बरामदगी, अपराधियों की तत्काल गिरफ्तारी और ऐतिहासिक मंदिर की स्थायी सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है, ताकि आस्था के इस केंद्र पर बार-बार होने वाली वारदातों पर हमेशा के लिए लगाम लग सके।

रिपोर्ट- आशीष कुमार