आरा में रिटायर्ड फौजी ने लगाई इंसाफ की गुहार, बाउंड्री तोड़ने, सामान लूटने और रंगदारी मांगने का आरोप

Bihar Crime: भोजपुर जिले के आरा में एक सेवानिवृत्त सैनिक ने भूमाफियाओं और असामाजिक तत्वों पर गंभीर आरोप लगाते हुए पुलिस अधीक्षक से न्याय और सुरक्षा की गुहार लगाई है।...

Ara Retired soldier pleads for justice alleges boundary wall
आरा में रिटायर्ड फौजी ने लगाई इंसाफ की गुहार- फोटो : reporter

Bihar Crime: भोजपुर जिले के आरा में एक सेवानिवृत्त सैनिक ने भूमाफियाओं और असामाजिक तत्वों पर गंभीर आरोप लगाते हुए पुलिस अधीक्षक से न्याय और सुरक्षा की गुहार लगाई है। पूर्व सैनिक का आरोप है कि उनकी जमीन की बाउंड्रीवाल तोड़ दी गई, वहां रखा सामान उठा लिया गया और लगातार रंगदारी मांगते हुए जान से मारने की धमकी दी जा रही है। घटना के बाद पूरा परिवार दहशत में है।

नवादा थाना क्षेत्र के वशिष्ठ पुरी निवासी पूर्व सैनिक धर्मेंद्र कुमार ओझा ने पुलिस अधीक्षक भोजपुर को दिए आवेदन में बताया कि उनकी पत्नी के नाम से गजराजगंज थाना क्षेत्र के चौकीपुर चंदवा के पास जमीन है। आरोप है कि कुछ असामाजिक तत्वों ने जमीन की चारदीवारी गिरा दी और परिसर में रखा सामान लेकर फरार हो गए। इतना ही नहीं, आरोपियों ने कथित तौर पर हथियार का भय दिखाकर जान से मारने की धमकी भी दी।पूर्व सैनिक का कहना है कि देश की सेवा से सेवानिवृत्त होने के बाद मिले पैसों से उन्होंने अपनी पत्नी के नाम पर यह जमीन खरीदी थी और उसकी बाउंड्रीवाल बनवाई थी। लेकिन कुछ लोग लगातार उनसे पैसे की मांग कर रहे हैं। उनका आरोप है कि रकम नहीं देने पर जमीन छोड़ने और गंभीर परिणाम भुगतने की धमकियां दी जा रही हैं।

धर्मेंद्र कुमार ओझा ने बताया कि इस संबंध में उन्होंने पहले गजराजगंज थाना में भी शिकायत दर्ज कराई थी, लेकिन इसके बावजूद कथित तौर पर फोन पर रंगदारी की मांग और धमकियां मिलना बंद नहीं हुईं। इसके बाद उन्होंने सीधे भोजपुर पुलिस अधीक्षक से मिलकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच, आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई और परिवार की सुरक्षा की मांग की है।

पूर्व सैनिक का कहना है कि उनका परिवार लगातार भय के माहौल में जी रहा है और उन्हें आशंका है कि उनकी जमीन पर अवैध कब्जे की कोशिश की जा सकती है। फिलहाल पुलिस अधीक्षक को आवेदन सौंप दिया गया है। मामले में पुलिस की ओर से आधिकारिक कार्रवाई या बयान का इंतजार है। आरोपों की जांच के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

रिपोर्ट- आशीष कुमार