Bihar Crime: खून के रिश्ते पर भारी कानून, हाजीपुर एनकाउंटर में कुख्यात प्रिंस कुमार ढेर, पिता बोले- पुलिस ने बिल्कुल सही किया

Bihar Crime: मुठभेड़ में कुख्यात अपराधी प्रिंस कुमार पुलिस की गोलियों का शिकार हो गया। पटना एसटीएफ और स्थानीय पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में यह अपराध का अध्याय हमेशा के लिए बंद हो गया।

Hajipur Notorious Prince Kumar Killed Encounter Father Backs
खून के रिश्ते पर भारी कानून- फोटो : reporter

Bihar Crime: मुठभेड़ में कुख्यात अपराधी प्रिंस कुमार पुलिस की गोलियों का शिकार हो गया। पटना एसटीएफ और स्थानीय पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में यह अपराध का अध्याय हमेशा के लिए बंद हो गया। वैशाली के हाजीपुर में पुलिस और अपराध की जंग ने एक बार फिर ख़ौफ़नाक अंजाम लिया। सदर थाना क्षेत्र की हनुमान नगर कॉलोनी में हुई मुठभेड़ में कुख्यात अपराधी प्रिंस कुमार पुलिस की गोलियों का शिकार हो गया। 

मुठभेड़ के बाद जो तस्वीर सामने आई, वह और भी चौंकाने वाली थी। खून के रिश्ते पर क़ानून भारी पड़ गया। प्रिंस कुमार के पिता नंदकिशोर सिंह ने पुलिस की कार्रवाई को दुरुस्त और ज़रूरी बताते हुए खुलकर धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि उनका बेटा बचपन से ही जुर्म की राह पर था और पुलिस ने उसे मारकर समाज के साथ इंसाफ किया है।

नंदकिशोर सिंह का बयान रिश्तों की हदें तोड़ने वाला था। उन्होंने कहा कि प्रिंस का परिवार से कोई वास्ता नहीं था, वह सिर्फ अपराध की दुनिया का सिपाही बनकर रह गया था। यहां तक कि उन्होंने पहले भी पुलिस अफसरों से मिलकर अपने बेटे के एनकाउंटर की गुहार लगाई थी। पिता ने साफ कहा “पुलिस ने जो किया, सही किया। मुझे कोई सवाल नहीं उठाना है।”

पुलिस के मुताबिक, प्रिंस कुमार गरौल थाना क्षेत्र का रहने वाला था और उस पर देश के सबसे बड़े सोना लूट कांड समेत हत्या, लूट और रंगदारी जैसे दर्जनों संगीन मामले दर्ज थे। वह लंबे समय से कानून के लिए सरदर्द बना हुआ था।

हाल ही में प्रिंस पटना के पीएमसीएच से फरार हो गया था। इसके बाद पटना एसटीएफ और वैशाली पुलिस उसकी तलाश में लगातार छापेमारी कर रही थी। गुप्त सूचना के आधार पर संयुक्त टीम ने हनुमान नगर कॉलोनी में उसे घेर लिया। खुद को फंसता देख प्रिंस ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी, जिसके जवाब में पुलिस ने भी गोली चलाई। इस आमने-सामने की मुठभेड़ में प्रिंस कुमार ढेर हो गया।

इलाके में कुछ देर के लिए दहशत और सन्नाटा पसरा रहा, लेकिन पुलिस ने हालात पर काबू पा लिया। इस एनकाउंटर ने एक बार फिर साफ कर दिया कि जब अपराधी क़ानून से टकराता है, तो अंजाम सिर्फ गोलियों की ज़ुबान में लिखा जाता है। हाजीपुर की यह मुठभेड़ न सिर्फ एक अपराधी का अंत है, बल्कि अपराध की दुनिया के लिए ख़ामोश चेतावनी भी।

रिपोर्ट- ऋषभ कुमार