Bihar Crime: बिहार में दो लोगों को अपराधियों ने गोलियों से भूना, 10 से ज़्यादा राउंड फायरिंग से दहला इलाका, सहमे लोग

Bihar Crime: बिहार उस वक्त दहशत और ख़ौफ़ के साये में डूब गया, जब आपसी रंजिश और ज़मीन के विवाद में दो लोगों की सरेआम गोली मारकर हत्या कर दी गई। ...

Sasaram Two people were shot by criminals
बिहार में दो लोगों को अपराधियों ने गोलियों से भूना- फोटो : reporter

Bihar Crime: बिहार उस वक्त दहशत और ख़ौफ़ के साये में डूब गया, जब आपसी रंजिश और ज़मीन के विवाद में दो लोगों की सरेआम गोली मारकर हत्या कर दी गई। वारदात के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई और लोग अपने-अपने घरों में दुबकने को मजबूर हो गए।घटना रोहतास ज़िले के मुफस्सिल थाना क्षेत्र अंतर्गत डुमरिया गांव की हैछ

मृतकों की पहचान रूपेश सिंह और विनय प्रजापति के रूप में हुई है, जो तिलौथू के निवासी बताए जा रहे हैं। बताया जा रहा है कि दोनों ज़मीन के कारोबार से जुड़े हुए थे और लंबे समय से एक विवादित भूखंड को लेकर तनातनी चल रही थी। इसी विवाद को सुलझाने के नाम पर रविवार को डुमरिया गांव में पंचायत बुलाई गई थी। लेकिन पंचायत की चौपाल ही देखते-देखते खून से लाल हो गई।

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, पंचायत के दौरान अचानक माहौल गरमाया और फिर हथियार लहराने लगे। इसके बाद जो हुआ, वह किसी खूनी साज़िश से कम नहीं था। बदमाशों ने दोनों पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। बताया जा रहा है कि कई चक्र गोलियां चलाई गईं और दोनों मृतकों के शरीर में 10 से अधिक गोलियां मारी गईं। मौके पर ही दोनों ने दम तोड़ दिया।

गोलीबारी की आवाज़ से पूरा गांव थर्रा उठा। अफरा-तफरी का माहौल बन गया और लोग इधर-उधर भागने लगे। वारदात की सूचना मिलते ही रोहतास के एसपी रौशन कुमार भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल को सील कर जांच शुरू की और दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सासाराम सदर अस्पताल भेज दिया गया।

परिजनों का आरोप है कि इस दोहरे हत्याकांड के पीछे एक चर्चित अपराधी का हाथ है, जिसने साज़िश के तहत पंचायत के बहाने दोनों को बुलवाकर मौत के घाट उतरवाया। परिजन इंसाफ़ की गुहार लगा रहे हैं और हत्यारों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं।

फिलहाल मुफस्सिल थाना पुलिस मामले की तफ्तीश में जुटी है। इलाके में तनाव को देखते हुए पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है। सवाल यह है कि क्या यह सिर्फ आपसी रंजिश का नतीजा था, या फिर ज़मीन के धंधे में पनपती अपराध की गहरी जड़ें एक बार फिर बेनकाब हुई हैं। सासाराम की फिज़ाओं में फिलहाल ख़ौफ़ और खामोशी पसरी हुई है।

रिपोर्ट- रंजन कुमार