Bihar Crime: तेजस्वी की विधानसभा में नशे का नंगा नाच, फास्ट फूड दुकान पर शराबियों का तांडव,CCTV ने खोली कानून की पोल

Bihar Crime: वैशाली जिले के राघोपुर से सामने आई एक तस्वीर ने बिहार की शराबबंदी और विधि व्यवस्था दोनों की हकीकत को बेपर्दा कर दिया है।

Vaishali Drunken Chaos Near Tejashwi s Assembly
तेजस्वी की विधानसभा में नशे का नंगा नाच- फोटो : reporter

Bihar Crime: वैशाली जिले के राघोपुर से सामने आई एक तस्वीर ने बिहार की शराबबंदी और विधि व्यवस्था दोनों की हकीकत को बेपर्दा कर दिया है। यह वही राघोपुर है, जो नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव की विधानसभा है, लेकिन यहां कानून का खौफ नहीं, बल्कि नशे का खुमार सिर चढ़कर बोलता दिख रहा है। CCTV फुटेज में कैद यह वारदात राघोपुर थाना क्षेत्र के कन्हाई चौक स्थित एक फास्ट फूड दुकान की है, जहां शराब के नशे में धुत दो युवकों ने ऐसा तांडव मचाया कि दुकान कुछ देर के लिए जंग का मैदान बन गई।

वीडियो में साफ दिखता है कि दो युवक लड़खड़ाते कदमों से दुकान पर पहुंचते हैं। पहले ऑर्डर देते हैं, लेकिन जब दुकानदार यह कहता है कि पहले का ऑर्डर तैयार होने के बाद उनका ऑर्डर बनेगा, तो नशे में चूर युवकों का पारा सातवें आसमान पर पहुंच जाता है। देखते ही देखते गाली-गलौज शुरू हो जाती है। दुकानदार के विरोध करते ही दोनों युवक गुंडागर्दी पर उतर आते हैं।

इसके बाद जो हुआ, वह कानून के मुंह पर तमाचा है। दोनों शराबी अपने सहयोगियों को बुलाते हैं और फिर मिलकर दुकान पर टूट पड़ते हैं। कुर्सियां, सामान, काउंटर—सब कुछ तहस-नहस। दुकानदार के साथ बेरहमी से मारपीट की जाती है। CCTV कैमरा इस पूरे अपराधी तमाशे का मूक गवाह बनता है, जबकि आसपास खड़े लोग खौफ के मारे दूर खड़े रहते हैं।

सबसे हैरानी की बात यह है कि बिहार में 2016 से पूर्ण शराबबंदी लागू है। सवाल उठता है कि अगर शराब बंद है, तो ये युवक नशे में चूर होकर खुलेआम उत्पात कैसे मचा रहे हैं? क्या शराब माफिया की होम डिलीवरी राघोपुर तक बेखौफ पहुंच रही है? या फिर कानून सिर्फ कागजों तक सिमट कर रह गया है?

राघोपुर थानाध्यक्ष का कहना है कि अभी तक दुकानदार की ओर से कोई लिखित शिकायत नहीं मिली है, हालांकि वीडियो वायरल होने के बाद मामले की जांच की जा रही है। मगर तस्वीरें खुद चीख-चीखकर बता रही हैं कि बिहार में न तो शराबबंदी का डर है और न ही कानून का इकबाल।

तेजस्वी की विधानसभा में अगर शराबियों का यह हाल है, तो बाकी बिहार की तस्वीर क्या होगी यह सवाल अब आम लोगों की जुबान पर है।
रिपोर्ट-ऋषभ कुमार