Bihar education department: शिक्षकों को एक्स्ट्रा क्लास पर मिलेगा इंसेंटिव, कोचिंग पर सख्ती, स्कूलों में सुधार पर जोर,ये है बिहार शिक्षा विभाग का नया मास्टर प्लान तैयार

Bihar education department: बिहार में शिक्षा व्यवस्था को नई दिशा देने की कोशिशों के बीच प्रदेश के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने शिक्षकों के हित में कई महत्वपूर्ण और दूरगामी फैसलों का ऐलान किया है।...

Patna Teachers to Get Incentives for Extra Classes Education
शिक्षकों को एक्स्ट्रा क्लास पर मिलेगा इंसेंटिव- फोटो : social Media

Bihar education department: बिहार में शिक्षा व्यवस्था को नई दिशा देने की कोशिशों के बीच प्रदेश के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने शिक्षकों के हित में कई महत्वपूर्ण और दूरगामी फैसलों का ऐलान किया है। बिहार पंचायत नगर प्रारंभिक शिक्षक संघ के विशेष कार्यक्रम में उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि राज्य सरकार शिक्षकों के साथ पूरी मजबूती से खड़ी है और उनकी समस्याओं का स्थायी समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा।

कार्यक्रम में शिक्षकों ने मंत्री का गर्मजोशी से स्वागत किया और अंगवस्त्र व स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया। इस दौरान जब शिक्षकों ने अपनी लंबी मांगों का ज्ञापन सौंपा, तो मंत्री ने हल्के अंदाज में कहा कि अगर पता होता इतना बड़ा मांग पत्र मिलेगा तो मैं पूरा मंत्रालय साथ ले आता। उनके इस बयान पर मंच पर माहौल कुछ देर के लिए हल्का और सकारात्मक हो गया। मंत्री ने घोषणा की कि आगामी एक सप्ताह के भीतर शिक्षा विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों और शिक्षक संघ के प्रतिनिधियों के साथ उच्च स्तरीय बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें सभी लंबित मुद्दों पर गंभीर चर्चा कर समाधान निकाला जाएगा।

एक बड़ा नीतिगत निर्णय लेते हुए उन्होंने कहा कि सरकारी स्कूलों में अतिरिक्त कक्षाएं लेने वाले शिक्षकों को अब विशेष प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। इसके लिए जल्द ही नई नीति तैयार की जाएगी, जिससे शिक्षकों को अतिरिक्त कार्य के लिए आर्थिक लाभ मिल सके। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि स्कूल समय के दौरान किसी भी निजी कोचिंग संस्थान को संचालन की अनुमति नहीं होगी। बच्चों की शैक्षणिक कमजोरी दूर करने की जिम्मेदारी अब पूरी तरह सरकारी स्कूलों के भीतर ही निभाई जाएगी। इस अवसर पर मंत्री ने शिक्षकों से भावुक अपील करते हुए कहा कि वे सिर्फ शिक्षक नहीं बल्कि अभिभावक की भूमिका निभाएं, ताकि बिहार की 14 करोड़ आबादी के भविष्य को मजबूत किया जा सके।

शिक्षा मंत्री ने बताया कि हाल ही में उन्होंने नीति आयोग के साथ बैठक कर शिक्षा सुधार पर चर्चा की है। इसके अलावा वे जल्द ही देश के प्रमुख बैंकों के शीर्ष अधिकारियों से भी मुलाकात करेंगे, ताकि कॉरपोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी  फंड के जरिए सरकारी स्कूलों के इंफ्रास्ट्रक्चर को आधुनिक बनाया जा सके।

उन्होंने यह भी जानकारी दी कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति के सभी प्रावधानों को राज्य में सख्ती से लागू किया जा रहा है। साथ ही, जुलाई महीने में एक अत्याधुनिक मॉडल स्कूल की शुरुआत की जाएगी, जो बिहार में शिक्षा के नए युग की शुरुआत का प्रतीक होगा। कुल मिलाकर यह कार्यक्रम शिक्षकों की उम्मीदों और सरकार की नीतिगत प्रतिबद्धताओं के बीच एक महत्वपूर्ण संवाद के रूप में देखा जा रहा है, जिससे आने वाले समय में राज्य की शिक्षा व्यवस्था में बड़े बदलाव की उम्मीद की जा रही है।