विधायकों के बाद अब सांसदों की बारी : शिवसेना के सांसद भी छोड़ेंगे उद्धव ठाकरे का साथ, इतने एमपी हैं शिंदे के संपर्क में

विधायकों के बाद अब सांसदों की बारी : शिवसेना के सांसद भी छोड़ेंगे उद्धव ठाकरे का साथ, इतने एमपी हैं शिंदे के संपर्क में

MUMBAI : महाराष्ट्र में उद्धव ठाकरे की शिवसेना में पिछले दिनों आधे से अधिक विधायकों ने बगावत कर दिया था। जिसके बाद न सिर्फ उद्धव ठाकरे को मुख्यमंत्री पद छोड़ना पड़ा। बल्कि बगावती विधायकों का नेतृत्व कर रहे एकनाथ शिंदे खुद उद्धव की कुर्सी पर विराजमान हो गए। लेकिन, कहानी अभी खत्म नहीं हुई है। क्योंकि अभी सिर्फ शिवसेना के विधायकों में फूट पड़ी थी। जबकि अब बारी शिवसेना के सांसदों की है। बताया जा रहा है कि जिस तरह विधायकों ने उद्धव का साथ छोड़ दिया, उसी तरह आधे के करीब सांसद भी अब एकनाथ शिंदे गुट में शामिल हो सकते हैं। 

हो गई है शुरुआत, आज हो सकता है ऐलान

विधायकों की बगावत के बाद उद्धव ठाकरे को लगातार झटके लग रहे हैं। उद्धव के करीबी रहे और शिवसेना के वरिष्ठ नेता ने उद्धव गुट से इस्तीफा दे दिया है। सूत्रों का कहना है कि उद्धव गुट को एक बड़ा झटका और लगने वाला है। रिपोर्ट्स के मुताबिक 12 सांसद एकनाथ शिंदे गुट के संपर्क में हैं और वे जल्द ही गुट बदल सकते हैं। बताया जा रहा है कि वे आज ही दिल्ली जा सकते हैं और मंगलवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस करके बड़ा ऐलान कर सकते हैं। 

शिंदे खुद मौजूद रहेंगे दिल्ली में

एकनाथ शिंदे खुद भी दिल्ली पहुंचने वाले हैं। दिल्ली में वह भाजपा के वरिष्ठ नेताओं से मुलाकात करेंगे। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री बनने के बाद यह शिंदे की दूसरी दिल्ली यात्रा है। इससे पहले 8 और 9 जुलाई को शिंदे और उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस दिल्ली पहुंचे थे और प्रधानमंत्री मोदी व गृह मंत्री अमित शाह, भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा से मुलाकात की थी। 

यह सांसद छोड़ सकते हैं शिवसेना

बता दें कि शिवसेना के पास लोकसभा में 18 सांसद हैं। सूत्रों का कहना है कि जो सांसद शिंदे के संपर्क में हैं वे हैं, धैर्यशील संभाजीराव, सदाशिव लोखंडे, हेमंत गोडसे, हेमंत पाटिल, राजेंद्र गावित, संजय मांडलिक, श्रीकांत शिंदे, श्रीरंग बरने, राहुल शेवाले, प्रतापराव गणपतराव जाधव, कृपाल तुमाने, भावना गावली।

मातोश्री से छिन जाएगा शिवसेना का नेतृत्व

बीते सप्ताह भाजपा नेता रावसाहेब दानवे ने भी दावा किया था कि उद्ध कैंप के 12 सांसद एकनाथ शिंदे के संपर्क में हैं। उन्होंने यह भी कहा था कि शिंदे का गुट ही असली शिवसेना है क्योंकि उनके पास दो तिहाई विधायक हैं। अगर ऐसा होता है तो यह पहली बार होगा कि शिवसेना पर मातोश्री का कंट्रोल खत्म हो जाएगा। ऐसे में आज का दिन महाराष्ट्र की राजनीति में महत्वपूर्ण हो सकता है।  हालांकि शिवसेना सांसद संजय राउत ने इसे खारिज करते हुए कहा था कि यह बालासाहेब की पार्टी है और टूटने वाले गुट की कोई आधिकारिक पहचान नहीं है।

Find Us on Facebook

Trending News