स्वच्छता अभियान ने झाड़ू बनाने वालों को दिया नया जीवन, मांग बढ़ी तो आय में भी हुआ सुधार

स्वच्छता अभियान ने झाड़ू बनाने वालों को दिया नया जीवन, मांग बढ़ी तो आय में भी हुआ सुधार

KATIHAR : देश के कोने-कोने को साफ सुथरा रखने के लिए कुछ साल पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा स्वच्छ भारत अभियान को नया आयाम दिया गया था और इसका परिणाम भी बेहतर आया है, लोग अब स्वच्छता के प्रति पहले से ज्यादा जागरूक हुए हैं। लेकिन कटिहार से एक ऐसी एक तस्वीर दिखा रहे हैं जो स्वच्छता अभियान को नए रूप दिए जाने से रोजगार सृजन से जुड़ा हुआ है। इससे इन लोगों की आय में भी सुधार हुआ है। 

झाड़ू की बढ़ी डिमांड

कटिहार के हफ़्लागंज में एक ही परिवार के पिता और दो पुत्र मिलकर झाड़ू बनाने के रोजगार से जुड़े हुए हैं, झाड़ू उद्योग से जुड़े राहुल और उसके पिता कहते हैं की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा चलाए गए स्वच्छता अभियान को नए ढंग से पेश करने से लोगों में साफ सफाई के प्रति जागरूकता आया है और इसलिए स्वच्छता के लिए  सबसे अहम उपकरण "झाड़ू उद्योग" से जुड़े रोजगार भी विकसित हुआ है, स्थानीय लोग भी कहते हैं कि भारत के कोने-कोने को स्वच्छ बनाने के लिए प्रधानमंत्री जो स्वच्छता अभियान को नए रूप में परिभाषित किया था,उसका लाभ अब इस झाड़ू उद्योग को भी मिल रहा है,जिससे ये कुटीर उद्द्योग तेजी से विकसित हो रहा है,नए लोग भी अब इस उद्द्योग के प्रति आकर्षित हो रहे हैं। 

झाड़ू उद्योग से जुडे़ लोगों का कहना है कि स्वच्छता अभियान को लेकर साफ सफाई के प्रति लोगों के जागरुकता के साथ स्वच्छता के लिए बेहद जरूरी मानने लगे हैं।  जिसके कारण झाड़ूओं की डिमांड बढ़ी है। आज गांव में कई लोग इससे जुड़ रहे हैं। इससे उनकी स्थिति भी सुधरी है, व्यापारियों नें यहां बने झाड़ूओं की मांग की जाती है।

श्याम की रिपोर्ट


Find Us on Facebook

Trending News