कांग्रेस के इस पोस्टर पर बीजेपी का तंज, कहा-लूटे-पिटे नेता के नाम पर राजनीति की दुकान चलाने में लगे हैं कांग्रेसी

कांग्रेस के इस पोस्टर पर बीजेपी का तंज, कहा-लूटे-पिटे नेता के नाम पर राजनीति की दुकान चलाने में लगे हैं कांग्रेसी

PATNA : लोकसभा चुनाव में करारी हार के बाद राहुल गांधी ने अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया. इसके बाद से ही लगातार उनपर इस्तीफा वापस लेने का दबाव बनाया जा रहा है. राहुल गांधी को राष्ट्रीय अध्यक्ष की कुर्सी नही संभालने पर पटना के कांग्रेस कार्यकर्ताओं की तरफ से सदाकत आश्रम में  आत्मदाह करने के पोस्टर लगाने के बाद बीजेपी ने तंज कसा है.

बिहार Bjp प्रवक्ता  निखिल आनंद ने कहा है कि  राहुल गाँधी की दुकान बंद हो गई है और ये कांग्रेसी उस लूटे- पिटे नेता के नाम पर राजनीति की दुकान चलाने में लगे हैं. 

निखिल ने कहा है कि लोकतांत्रिक तरीके से राष्ट्रीय अध्यक्ष चुने जाने के बावजूद कार्यकाल रहते बेईज्ज़त कर हटा दिए गए सुभाषचंद्र बोस और सीताराम केसरी की आह लगी है।  #कांग्रेस मुक्त भारत

लोकसभा चुनाव में करारी हार के बाद राहुल गांधी ने अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया. इसके बाद से ही लगातार उनपर इस्तीफा वापस लेने का दबाव बनाया जा रहा है. हालांकि उन्होंने दो टूक शब्दों में इस्तीफा वापस लेने से इनकार कर दिया है और नए CWC से नए अध्यक्ष की तलाश करने को कहा है. इस बीच मानहानि केस के सिलसिले में शनिवार को उनके बिहार दौरे के बीच उनके समर्थन के लिए एक पोस्टर सामने आया है. इसमें लिखा है कि अगर वे इस्तीफा वापस नहीं लेंगे तो कांग्रेस के 12 कार्यकर्ता आत्मदाह कर लेंगे.

इसमें लिखा है कि राहुल जी से सविनय पुन: आग्रह है कि वे अपने इस्तीफा पर निश्चित तौर पर विचार करें. अन्यथा 11 जुलाई को 12 कांग्रेसी कार्यकर्ता का जत्था आत्मदाह करेंगे. इसमें स्थान सदाकत आश्रम का दिया गया है और वक्त एक बजे का.

राहुल गांधी के समर्थन में जिन 12 कार्यकर्ता के नाम फोटो सहित इस पोस्टर में छपे हैं उनके नाम हैं- संजीव कुमार, दिलीप कुमार सिंह, राकेश कुमार मुन्ना, वरुण शर्मा, विजय कुमार देव, वेंकटेश रमण, सूरज कुमार, मोह जुनैद इकबाल, पप्पू कुमार रंजन, चंदन कुमार, रणधीर यादव और बिहार प्रदेश कांग्रेस के पूर्व सचिव सिद्धार्थ क्षत्रिय.

बता दें लोकसभा चुनाव में कांग्रेस की करारी हार का जिम्मा लेते हुए राहुल गांधी अपने अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया है. हालांकि उन्होंने हार का जिम्मा प्रत्येक कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं को लेने के लिए कहा था, लेकिन इसके लिए कांग्रेस का कोई नेता सामने नहीं आया. बहरहाल राहुल गांधी के इस्तीफे के फैसले कांग्रेस कार्यकर्ता काफी निराश और हताश हो गए हैं.

विवेकानंद की रिपोर्ट

Find Us on Facebook

Trending News