तीसरे चरण के शिक्षक नियुक्ति परीक्षा में हुई गड़बड़ी को लेकर भड़के पूर्व डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव, नीतीश सरकार से पूछा दिया ये सवाल

तीसरे चरण के शिक्षक नियुक्ति परीक्षा में हुई गड़बड़ी को लेकर

PATNA: बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) की ओर से आयोजित तीसरे चरण की शिक्षक नियुक्ति परीक्षा में गड़बड़ी की शिकायत मिली है। इल मामले में आर्थिक अपराध ईकाइ ( इओयू) जांच कर रहा है। इओयू की टीम ने पटना, हाजीपुर समेत कई जिलों में छापेमारी की है। वहीं गिरोह के कई सदस्यों को पकड़ कर पूछताछ की जा रही है। इसी बीच पूर्व डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव ने तीसरे चरण के शिक्षक नियुक्ति परीक्षा में हुई गड़बड़ी को लेकर सरकार को घेरा है। 

उन्होंने कहा कि 17 महीने में 4 लाख से अधिक नौकरियां दी गई लेकिन कहीं कोई पेपर लीक की खबर सामने नहीं आई। अभी कौन सी ताकत और तत्व बिहार सरकार में  है जो तीसरे चरण की नियुक्ति के लाखों परिक्षार्थियों को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है? तेजस्वी यादव ने अपने सोशल मीडिया एक्स पर ट्वीट कर नीतीश सरकार पर निशाना साधा है। साथ ही एक बार फिर अपने 17 महीने के कार्यों का जिक्र किया है। तेजस्वी यादव ने तीसरे चरण की नियुक्ति परीक्षा में हुई गड़बड़ी को लेकर सरकार से कई सवाल भी पूछा है।

तेजस्वी यादव ने लिखा है कि, "बिहार में तीसरे चरण की BPSC शिक्षक नियुक्ति परीक्षा में पेपर लीक के कारण 4 लाख से अधिक अभ्यर्थियों को परेशानी हुई है। आखिर ऐसा क्यों हुआ?  हमने 𝟏𝟕 महीनों में 𝟒 लाख से अधिक नौकरियां दी, कभी भी किसी नियुक्ति परीक्षा में पेपर लीक नहीं हुआ। हमने केवल 𝟕𝟎 दिनों में दो चरण में 𝟐 लाख से अधिक शिक्षकों की नियुक्ति की। शिक्षक भर्ती परीक्षा के दोनों चरणों में 𝟏𝟕 लाख से अधिक अभ्यर्थी होने के बावजूद भी कभी किसी प्रकार की कोई शिकायत नहीं मिली। 

उन्होंने कहा कि, हमारे द्वारा कराई गई सभी नियुक्ति निष्पक्ष, पारदर्शी और सहज प्रक्रिया से हुई। अब ऐसी कौन सी ताकत और तत्व बिहार सरकार में है जिसके कारण तीसरे चरण की नियुक्ति के लाखों परिक्षार्थियों को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है?  सनद रहे, तीसरे चरण में भी 𝟏 लाख से अधिक शिक्षकों की नियुक्ति का नीतिगत निर्णय हमारे कार्यकाल में हमने कराया था? अब ये NDA सरकार इसे लटका, अटका और भटका क्यों रही है?