'बिहार में मंत्री बनना अपमान की बात' ... उपेंद्र कुशवाहा ने कहा- लिखकर ले लें कभी नहीं बनूंगा मंत्री, ये है कारण

'बिहार में मंत्री बनना अपमान की बात' ... उपेंद्र कुशवाहा ने कहा- लिखकर ले लें कभी नहीं बनूंगा मंत्री, ये है कारण

पटना. नीतीश मंत्रिमंडल में शामिल नहीं किए जाने से उपेंद्र कुशवाहा के नाराज होने की खबरों के बीच रविवार को कुशवाहा ने मीडिया के सामने आकर अपना पक्ष रखा. उन्होंने कहा कि उन्हें लेकर भ्रामक खबरें फैलाई जा रही है. वे बिहार सरकार में कभी मंत्री बनना ही नहीं चाहते थे, इसलिए नाराज होने की कोई बात नहीं है. मंत्रिमंडल विस्तार के दौरान पटना से बाहर रहने के सवाल पर उपेंद्र कुशवाहा ने कहा कि मैं अपने परिवार के साथ घूमने गया था इसलिए मंत्रिमंडल के विस्तार में नहीं आ सका, आपलोग जो अलग अलग कयास लगा रहे हैं वह सही नही है।

उन्होंने कहा, मैंने कभी मंत्री बनने की इच्छा जाहिर नही की और ना कभी मैं मंत्री बनूंगा. आप लोग लिख लीजिये क्योंकि मैं केंद्र में मंत्री रह चुका, इसलिए बिहार में मंत्री बनना अपमान की बात है. हमारा लक्ष्य है 2024 का लोकसभा चुनाव और अपने नेता नीतीश कुमार को 2024 में स्थापित करना. उन्होंने कहा कि जब मैं पार्टी में आया था उसी समय मैंने डिसाइड किया था कि मैं संगठन के लिए काम करूंगा हमें मंत्री नहीं बनना है।  

उन्होंने कहा कि भाजपा के साथ यही दिक्कत है जब साथ रहेगा तब तक सब कुछ सही है और जैसे ही हट जाएगा आप खराब हो जाएगा।  024 तक पार्टी अपने नेता को देश के स्तर तक स्थापित करना है. नीतीश कुमार देश के सबसे बेहतर प्रधानमंत्री साबित हो सकते हैं. हम लोग विपक्ष की एकता में कोई बाधा नहीं बनेंगे. सभी लोगों से बातचीत होगी उसके बाद ही कोई फैसला होगा। उन्होंने कथित दावा किया कि नीतीश कुमार के नजदीकी होने के कारण ही सुशील मोदी को भाजपा ने सजा दी. 

जदयू नेता बीमा भारती के मंत्री लेसी सिंह पर भ्रष्टाचार का समर्थन करने और विरोधियों को डराने धमकाने वाले बयान पर उन्होंने कहा कि बीमा भारती को इस तरह का बयान नहीं देना चाहिए मुख्यमंत्री ने बिल्कुल सही कहा है। वहीं कुशवाहा ने एक बार फिर से दोहराया कि आरसीपी सिंह की साजिश का ही परिणाम था कि जनता दल यू को विधानसभा चुनव 2015 में कम सीटें मिली. वहीं नीतीश मंत्रिमंडल में शामिल किए गए मंत्रियों में कई पर गंभीर आपराधिक होने के सवाल पर उन्होंने कहा कि भाजपा के शासन वाली सरकार में भी कई राज्यों में दागी मंत्री हैं। इसलिए नीतीश कुमार को किसी सलाह की जरूरत नहीं है.


Find Us on Facebook

Trending News