नगर निकाय चुनाव को लेकर जदयू ने बीजेपी पर किया पलटवार, कहा सीएम नीतीश ने 2006 में की थी आरक्षण की व्यवस्था

नगर निकाय चुनाव को लेकर जदयू ने बीजेपी पर किया पलटवार, कहा सीएम नीतीश ने 2006 में की थी आरक्षण की व्यवस्था

PATNA : नगर निकाय चुनाव में अति पिछड़ों के आरक्षण को लेकर बीजेपी और जदयू आमने सामने हो गयी है। बीजेपी के कई नेताओं ने इस मामले को लेकर राज्य सरकार पर अति पिछड़ों को आरक्षण नहीं देने का आरोप लगाया है। वहीँ जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष ललन सिंह, प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा और संसदीय बोर्ड के अध्यक्ष उपेंद्र कुशवाहा ने बीजेपी नेताओं पर पलटवार किया है। 


पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ललन सिंह ने कहा की पटना हाईकोर्ट के निकाय चुनाव पर आदेश के बाद चुनाव प्रभावित हुआ है। लेकिन कुछ लोग इसको भ्रामक बना रहें है। मुख़्यमंत्री नीतीश कुमार ने 2006 में कानून बना कर आरक्षण देने की व्यवस्था की थी। सुप्रीम कोर्ट व हाईकोर्ट ने उसे सही बताया था। उसी एक्ट के जरिए चुनाव हो रहा था। इसके विपरीत ललन सिंह ने आरोप लगाया की बीजेपी आरक्षण विरोधी है। बीजेपी नेताओं पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा की बुद्धि बाजार में नहीं मिलता की उनको दे दिया जाए। उसको ज्ञान की कमी है। 

आरक्षण को समाप्त करना बीजेपी का मकसद है। सुप्रीम कोर्ट ने महाराष्ट्र के लिए जो बात की थी। उसे बिहार से जोड़ा गया है। आयोग बनाने की बात आरक्षण विरोधी है। हम शुरू से मांग कर रहे थे की देश में जातीय जनगणना हो। लेकिन केंद्र सरकार ने उसे अस्वीकार कर दिया। बिहार सरकार आपने दम पर जातीय जनगणना करा रही है। 

बीजेपी सांसद रविशंकर प्रसाद के बयान पर ललन सिंह ने पलटवार करते हुए कहा की वो कितने बड़े विशेषज्ञ हैं। हम अच्छी तरह जानते हैं। कुछ दिन पहले अमित शाह को डिफेंड कर रहे थे। आज उनकी क्या हालत है सब देख रहे हैं। होमवर्क ठीक से करते नहीं हैं। इसलिए आज बीजेपी ने साइडलाइन कर दिया है। 

पटना से अभिजीत की रिपोर्ट 

Find Us on Facebook

Trending News