पटना जंक्शन से दो आतंकियों की गिरफ्तारी के बाद महाराष्ट्र से पकड़ा गया एक और आतंकी, पढ़िए आतंकियों की पूरी साजिश क्या थी

पटना जंक्शन से दो आतंकियों की गिरफ्तारी के बाद महाराष्ट्र से पकड़ा गया एक और आतंकी, पढ़िए आतंकियों की पूरी साजिश क्या थी

News4Nation Desk : बड़ी खबर है महाराष्ट्र से जहां पटना से गिरफ्तार दो संदिग्ध आतंकियों से मिले इनपुट के आधार पर  कार्रवाई करते हुए एटीएस ने एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार व्यक्ति को रिमांड पर लेकर जल्द  बिहार एटीएस पटना पहुंचेगी. साथ ही जांच में जुटी एजेंसिया उंगली के इशारे से जो मैसेज देने की कोशिश हुई है उसे भी डिकोड करने के की कोशिश की जा रही है. 

किशनगंज से भी जुड़ा कनेक्शन

सूत्रों की माने तो बांग्लादेशी आतंकियों का सीमावर्ती जिले किशनगंज में भी कनेक्शन हो सकता है। आतंकियों ने अपनी पहचान छिपाने के लिए भारत का फर्जी मतदाता पहचान पत्र बना रखा था। इसमें किशनगंज जिला दर्ज है। इन स्थितियों में वहां उनके लोकल नेटवर्क की जांच के साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि दोनों आतंकियों ने फर्जी वोटर आईकार्ड कैसे हासिल किया था? गौरतलब है कि भौगोलिक रुप से किशनगंज का इलाका भारत-बांग्लादेश की सीमा से सटा हुआ है। इसी सीमा के जरिए दोनों आतंकियों की अवैध इंट्री हुई थी। फिलहाल सभी संभावनाओं पर एटीएस, एनआईए के साथ अन्य सुरक्षा व खुफिया एजेंसियां जांच में लगी हुई हैं।

दो दिन पहले पहुंचे थे पटना, अबतक चार राज्यों का लगा चुके चक्कर

आतंकी बीते शुक्रवार को पटना पहुंचे थे। इसके बाद पटना जंक्शन से सटे मदनी मुसाफिर खाना में दोनों ठहरे। फिर उनकी संदिग्ध गतिविधियों की भनक मिलते ही रविवार को हरकत में आई एटीएस की टीम ने मुसाफिर खाना के पास आतंकियों को अपनी गिरफ्त में ले लिया। इसके पहले गया में भी दोनों आतंकी मुसाफिर खाना में ही ठहरे थे। अबतक की जांच में बिहार समेत 4 राज्यों में इन आतंकियों का कनेक्शन सामने आया है।

आतंकी खैरुल व अबू सुल्तान बांग्लादेश के झेनाैदा जिले के चापातल्ला गांव का निवासी है। जांच में इस बात का भी खुलासा हुआ है कि आतंकी संगठन के निर्देश पर दोनों आतंकी भारत में रह कर दिल्ली, कोलकाता, केरल से लेकर बिहार तक घूम-घूम कर मुस्लिम युवाओं को आतंकी संगठन से जोड़ने के साथ बाैद्ध धार्मिक स्थलों पर आतंकी वारदात करने के लिए रेकी करने के नापाक मिशन में लगे हुए थे। दोनों सीरिया जाकर आईएसआईएस में शामिल होना चाहते थे। एटीएस उनके मोबाइल के सीडीआर को खंगाल रही है। 

Find Us on Facebook

Trending News