पूर्णिया केन्द्रीय कारा में कैदियों का हुनर देख दंग हुए दर्शक, बंदियों ने की एक से बढ़कर एक प्रस्तुति

पूर्णिया केन्द्रीय कारा में कैदियों का हुनर देख दंग हुए दर्शक, बंदियों ने की एक से बढ़कर एक प्रस्तुति

PURNEA : पूर्णिया केंद्रीय कारा में सजा काट रहे कैदियों का हुनर देखकर लोग दंग रह गए. उन्हें कला को देखकर सहसा किसी को विश्वास नहीं हो रहा था की वे किसी तरह की सजा काट रहे हैं या किसी अपराध की घटना को अंजाम देने के बाद सलाखों के पीछे हैं. कैदियों की प्रस्तुति देख अतिथि भी भावविभोर हो गए. 

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दरअसल केंद्रीय कारा पूर्णिया में परक नाट्य संगीत कार्यशाला का आयोजन किया गया था. आज इसका समापन हो गया. इस कार्यक्रम में  शोधार्थी अक्षय शर्मा के निर्देशन में तैयार हिन्द स्वराज की बंदियों की ओर से प्रस्तुति की गयी. जिसने दर्शको का मन मोह लिया. वहीँ बंदियों ने माईम अभिनय से आपसी भाई चारा और देश मे एकता को दिखाया. उधर आदिवासी संथाल समुदाय के बंदी कलाकारों ने शिकार करने के क्रम में माता पिता की सेवा करते हुए श्रवण कुमार को तीर लगने तथा उन्हें जीवित करने का दृश्य नृत्य के माध्यम से दिखाया. कार्यक्रम की अंतिम प्रस्तुति में बंदी भैरवानंद झा द्वारा लिखित नाटक जेल जीवन की प्रस्तुति की गयी. जिसका निर्देशन वरिष्ठ रंगकर्मी मिथिलेश रॉय ने किया था. जिसमे जेल के रहन-सहन नित्य प्रतिदिन की क्रिया को नाटक के माध्यम से प्रस्तुत किया गया.

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आकाशवाणी भागलपुर के निर्देशक प्रभात नारायण झा ने कारा अधीक्षक और शशि रंजन को बधाई देते हुए कहा कि कारा में इस तरह की पहल काफी सरहानीय हैं. वही आकाशवाणी के निर्देशक ने विचार विमर्श कर रेडियो के माध्यम से जेल में किये जा रहे सुधार और बंदियों पर डॉक्यूमेंट्री बनाये जाने की बात कही. वरिष्ठ रंगकर्मी कुंदन कुमार सिंह ने आगे भी ऐसी कार्यशाला चलाये जाने की बात कही. 

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इस मौके पर केंद्रीय कारा पूर्णिया अधीक्षक जितेंद्र कुमार, आकाशवाणी भागलपुर के निर्देशक प्रभात नारायण झा, राष्ट्रपति पुरस्कृत सेवानिवृत्त प्रधानाध्यापक लक्ष्मी नारायण शर्मा, शाम की पाठशाला के संस्थापक शशि रंजन कुमार, डॉ ब्यूटी रूबी, पुलिस परामर्श केन्द्र के सदस्य समाज सेवी स्वाति बैसन्त्री, रेणु रंगमंच के सचिव अजित कुमार सिंह, कसम के सचिव रोहितस्व कुमार पप्पू, कलाभवन के निर्देशक कुंदन सिंह, भनक के सचिव उमेश आदित्य एवं समाजसेवी सुनील कुमार सुमन द्वारा स्वामी विवेकानंद के तैल चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की.

पूर्णिया से श्याम नंदन की खास रिपोर्ट 

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