हरमनप्रीत कौर की सेना ने ऑस्ट्रेलिया में बनाया इतिहास, पहली बार सीरीज पर जमाया कब्जा, दुनिया को दिखाया अपना दम
हरमनप्रीत कौर की सेना ने ऑस्ट्रेलिया को उसके घर में घुसकर तीसरे और निर्णायक टी20 मुकाबले में 17 रन से धूल चटा दी। इस जीत के साथ ही भारत ने 2-1 से सीरीज अपने नाम कर ऑस्ट्रेलियाई धरती पर पहली बार टी20 सीरीज जीतने का नया इतिहास रच दिया है।
N4N sports - : भारतीय महिला टीम ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेली गई टी20 सीरीज के तीसरे और अंतिम मैच में शानदार प्रदर्शन करते हुए 17 रन से जीत दर्ज की। इस जीत के साथ ही भारत ने सीरीज 2-1 से अपने नाम कर ली है। ऑस्ट्रेलियाई सरजमीं पर यह भारत की पहली टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज जीत है, जिसने महिला क्रिकेट के इतिहास में एक स्वर्णिम अध्याय जोड़ दिया है। टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए टीम इंडिया ने स्मृति मंधाना और जेमिमा रोड्रिग्स की दमदार पारियों की बदौलत 20 ओवर में 6 विकेट पर 176 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया।
मैच की शुरुआत में शेफाली वर्मा (7) के जल्दी आउट होने के बाद उप-कप्तान स्मृति मंधाना और जेमिमा रोड्रिग्स ने मोर्चा संभाला। मंधाना ने विस्फोटक अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए महज 55 गेंदों पर 8 चौकों और 3 छक्कों की मदद से 82 रनों की आतिशी पारी खेली। वहीं, जेमिमा ने 46 गेंदों पर 59 रन बनाकर उनका बखूबी साथ दिया। हालांकि, मध्यक्रम के अन्य बल्लेबाज कुछ खास नहीं कर सके, लेकिन ऋचा घोष के अंतिम क्षणों में बनाए गए तेज 18 रनों ने भारत को एक मजबूत स्कोर तक पहुँचाने में अहम भूमिका निभाई।

177 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी ऑस्ट्रेलियाई टीम की शुरुआत बेहद खराब रही। भारतीय गेंदबाजों ने सटीक लाइन-लेंथ से कंगारू बल्लेबाजों को बांधे रखा। सलामी बल्लेबाज जॉर्जिया वॉल (10) और बेथ मूनी (6) सस्ते में पवेलियन लौट गईं। ऑस्ट्रेलिया की ओर से एश्ले गार्डनर ने सर्वाधिक 57 रनों की जुझारू पारी खेली, लेकिन उन्हें दूसरे छोर से कोई सहयोग नहीं मिला। एलिस पेरी और ग्रेस हैरिस जैसी दिग्गज खिलाड़ी भी भारतीय आक्रमण के आगे बेबस नजर आईं और दहाई का आंकड़ा भी नहीं छू सकीं।
भारत की इस ऐतिहासिक जीत की असली सूत्रधार 'यंग गन' श्रेयंका पाटिल और श्री चरणी रहीं। कप्तान हरमनप्रीत ने प्लेइंग-11 में एक बदलाव करते हुए श्रेयंका को मौका दिया और उन्होंने इसे सही साबित करते हुए 3 महत्वपूर्ण विकेट झटके। श्री चरणी ने भी अपनी फिरकी का जादू चलाते हुए 3 विकेट अपने नाम किए, जबकि अरुंधति रेड्डी को दो और रेणुका सिंह को एक सफलता मिली। भारतीय गेंदबाजों के अनुशासित प्रदर्शन के कारण ऑस्ट्रेलिया की टीम निर्धारित 20 ओवरों में 9 विकेट खोकर सिर्फ 159 रन ही बना सकी।
सीरीज जीत के बाद भारतीय खेमे में जश्न का माहौल है। पहली बार ऑस्ट्रेलियाई जमीन पर सीरीज जीतकर टीम इंडिया ने आगामी विश्व कप के लिए अपनी दावेदारी और मजबूत कर ली है। मंधाना और जेमिमा की साझेदारी और श्रेयंका की शानदार गेंदबाजी इस जीत के मुख्य आकर्षण रहे। कप्तान हरमनप्रीत कौर ने जीत का श्रेय पूरी टीम के सामूहिक प्रयास को दिया। इस ऐतिहासिक प्रदर्शन ने यह साबित कर दिया है कि भारतीय महिला क्रिकेट अब दुनिया की किसी भी टीम को उसके घर में हराने का माद्दा रखती है।