नहीं रहे 'जल-जंगल-जमीन' के योद्धा विजय सिंह गोंड, 8 बार विधायक रहे सपा नेता का निधन

उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले की दुद्धी विधानसभा से समाजवादी पार्टी के विधायक विजय सिंह गोंड का असामयिक निधन हो गया है। सादगी के पर्याय और 8 बार के विधायक विजय सिंह के जाने से राजनीतिक और आदिवासी समाज में शोक की लहर है।

नहीं रहे 'जल-जंगल-जमीन' के योद्धा विजय सिंह गोंड, 8 बार विधा

N4N Desk - सोनभद्र के दुद्धी से सपा विधायक विजय सिंह गोंड के निधन की सूचना मिलते ही पूरे क्षेत्र में गहरा शोक व्याप्त है। उन्हें 'जल-जंगल-जमीन' के अधिकारों के लिए लड़ने वाले एक योद्धा के रूप में जाना जाता था। अपने सहज व्यवहार और सादगी के कारण वे जनता के बीच अत्यंत लोकप्रिय थे। उन्होंने विधानसभा में हमेशा दुद्धी क्षेत्र के पिछड़ेपन और आदिवासियों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। 

8 बार विधायक और 'गुरु' को हराने का रिकॉर्ड

विजय सिंह गोंड का राजनीतिक सफर मिसाल के तौर पर देखा जाता है। वे कुल 8 बार विधानसभा पहुंचे। उनके करियर का सबसे चर्चित मोड़ 1989 में आया, जब उन्होंने निर्दलीय चुनाव लड़कर अपने ही राजनीतिक गुरु रामप्यारे पनिका को पटखनी दी थी। वे 1980 और 1985 में कांग्रेस, 1991 और 1993 में जनता दल, तथा 1996, 2002 और 2024 में समाजवादी पार्टी के टिकट पर विधायक चुने गए। वे मुलायम सिंह सरकार में राज्यमंत्री भी रहे। 

2024 उपचुनाव में हासिल की थी ऐतिहासिक जीत

हाल ही में भाजपा विधायक रामदुलार गोंड की सदस्यता रद्द होने के बाद दुद्धी सीट पर उपचुनाव हुए थे। समाजवादी पार्टी ने एक बार फिर विजय सिंह गोंड पर भरोसा जताया और उन्होंने भाजपा प्रत्याशी श्रवण गोंड को 3,000 वोटों से हराकर आठवीं बार जीत दर्ज की। उनके निधन के बाद अब उत्तर प्रदेश की तीन सीटें (दुद्धी, घोसी और फरीदपुर) रिक्त हो गई हैं, जहाँ जल्द ही उपचुनाव होने की संभावना है। 

राजकीय सम्मान के साथ होगी अंतिम विदाई

सपा नेता अवध नारायण यादव ने बताया कि विजय सिंह गोंड का पार्थिव शरीर अंतिम दर्शन के लिए डीसीएफ कॉलोनी स्थित 'गोंडवाना भवन' में रखा जाएगा। उनका अंतिम संस्कार शुक्रवार को दुद्धी के कमहर घाट पर पूरे राजकीय सम्मान के साथ किया जाएगा। उनके निधन की खबर मिलते ही उनके आवास पर समर्थकों और स्थानीय नागरिकों का तांता लगा हुआ है। 

जनसेवा और सामाजिक न्याय को समर्पित जीवन

समाजवादी पार्टी के जिला अध्यक्ष राम निहोर यादव ने दुख व्यक्त करते हुए कहा कि पार्टी ने एक सच्चा योद्धा खो दिया है। विजय सिंह गोंड ने ताउम्र शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क और रोजगार जैसे बुनियादी मुद्दों के लिए संघर्ष किया। सपा नेतृत्व ने उन्हें एक 'जमीनी नेता' करार देते हुए इसे क्षेत्र के लिए एक अपूरणीय सामाजिक और राजनीतिक क्षति बताया है।