दो बीवियों के बीच बंट गया पति का हफ्ता, पंचायत का अनोखा फरमान- 3 दिन पहली पत्नी, 3 दिन दूसरी के साथ रहेगा शख्स
Two Wives Case: एक अजीबोगरीब मामला सामने आया है, जहां दो पत्नियों के बीच चल रहे विवाद को सुलझाने के लिए पंचायत ने ऐसा फैसला सुनाया, जिसकी चर्चा पूरे इलाके में हो रही है।
Two Wives Case: एक अजीबोगरीब मामला सामने आया है, जहां दो पत्नियों के बीच चल रहे विवाद को सुलझाने के लिए पंचायत ने ऐसा फैसला सुनाया, जिसकी चर्चा पूरे इलाके में हो रही है। उत्तर प्रदेश के बदायूं पंचायत ने पति के रहने का ऐसा बंटवारा किया कि अब वह सप्ताह में तीन दिन पहली पत्नी और तीन दिन दूसरी पत्नी के साथ रहेगा, जबकि सातवां दिन उसकी अपनी मर्जी पर छोड़ दिया गया है।मामला दढ़ियाल नगर पंचायत क्षेत्र का बताया जा रहा है। यहां रहने वाले नजाकत की पहली शादी करीब 14 साल पहले उत्तराखंड की रहने वाली अशरा से हुई थी। दोनों की दो बेटियां हैं। करीब चार साल पहले नजाकत ने दूसरी शादी नेहा से कर ली।बताया जा रहा है कि दूसरी शादी के पीछे नजाकत ने बेटा नहीं होने की वजह बताई थी। हालांकि दूसरी पत्नी नेहा से भी उसे दो बेटियां ही हुईं। दूसरी शादी के बाद पति का झुकाव नेहा की तरफ बढ़ गया और वह ज्यादातर समय उसी के साथ रहने लगा।
पहली पत्नी ने पुलिस चौकी पहुंचकर लगाई गुहार
पति के व्यवहार से परेशान होकर पहली पत्नी अशरा ने पुलिस चौकी में शिकायत की। उसने आरोप लगाया कि दूसरी शादी के बाद नजाकत ने उसका और उसकी बेटियों का ध्यान रखना बंद कर दिया है। आर्थिक परेशानी के कारण बच्चों की परवरिश करना मुश्किल हो रहा है।पुलिस मामले की जांच शुरू करती, इससे पहले ही गांव में पंचायत बैठ गई। कई घंटे चली पंचायत में दोनों पक्षों की बात सुनी गई।
पंचायत ने सुनाया ‘हफ्ते का बंटवारा’
पंचायत ने फैसला सुनाते हुए कहा कि नजाकत अब सप्ताह में तीन दिन पहली पत्नी अशरा के साथ और तीन दिन दूसरी पत्नी नेहा के साथ रहेगा। वहीं सप्ताह का एक दिन उसकी इच्छा के अनुसार होगा।इसके अलावा पंचायत ने पति को पहली पत्नी के घर हर महीने राशन देने और 2000 रुपये खर्च के रूप में देने का भी आदेश दिया।बताया जा रहा है कि दोनों पक्षों ने पंचायत के इस फैसले को स्वीकार कर लिया है। इसके बाद पहली पत्नी ने पुलिस में दी गई शिकायत को आगे नहीं बढ़ाया।
इलाके में चर्चा का विषय बना मामला
स्थानीय पुलिस का कहना है कि दोनों पक्षों ने आपसी सहमति से समझौता कर लिया है। हालांकि, यदि भविष्य में कोई शिकायत मिलती है तो कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।फिलहाल दोनों पत्नियां अलग-अलग मकानों में रहने लगी हैं, लेकिन पंचायत का यह फैसला पूरे इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है। सोशल मीडिया से लेकर गांव की चौपाल तक लोग इस अनोखे मामले पर तरह-तरह की प्रतिक्रिया दे रहे हैं।