आईजी विकास वैभव ने विकसित बिहार, स्टार्ट-अप और शिक्षा के साथ युवाओं को ‘जॉब क्रिएटर’ बनाने पर दिया जोर..

औरंगाबाद के गवर्नमेंट इंजीनियरिंग कॉलेज में Lets Inspire Bihar के तहत Youth, Startup and Social Impact Conclave आयोजित हुआ। कार्यक्रम में विकसित बिहार, स्टार्ट-अप, शिक्षा और युवाओं को Job Creators बनाने पर जोर दिया गया।

औरंगाबाद: गवर्नमेंट इंजीनियरिंग कॉलेज, औरंगाबाद में स्टार्ट-अप सेल की ओर से ‘यूथ, स्टार्ट-अप एंड सोशल इम्पैक्ट कॉन्क्लेव’ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम Lets Inspire Bihar अभियान के तहत आयोजित हुआ, जिसमें युवाओं को उद्यमिता, शिक्षा, सामाजिक बदलाव और विकसित बिहार के निर्माण के लिए प्रेरित किया गया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वक्ता ने वेदांत के संदेशों और बिहार के प्राचीन दार्शनिकों की विचारधारा का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रत्येक व्यक्ति के भीतर असीम सामर्थ्य मौजूद है। युवाओं से बड़े सपने देखने, लक्ष्य निर्धारित करने और उसे हासिल करने के लिए पूरी ऊर्जा के साथ संकल्पित प्रयास करने का आह्वान किया गया।

कॉन्क्लेव में 2047 तक विकसित भारत के साथ विकसित बिहार के निर्माण के लिए ‘उद्यमिता की क्रांति’ की आवश्यकता पर जोर दिया गया। बताया गया कि Lets Inspire Bihar अभियान के तहत बिहार में लाखों स्टार्ट-अप्स स्थापित करने का लक्ष्य रखा गया है।

अभियान के अंतर्गत बिहार के विभिन्न जिलों के अलावा देश के प्रमुख महानगरों और विदेशों में भी Bihar Development Summit, Start-up Summit, Yuva Samvad और Gargi Samvad जैसे कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।

अभियान से जुड़े अध्यायों में अब तक 4,05,000 से अधिक लोग बिहार के नवनिर्माण के उद्देश्य से जुड़ चुके हैं। इनमें सफल उद्यमी और वरिष्ठ कॉर्पोरेट प्रोफेशनल्स भी शामिल हैं, जो युवाओं और स्टार्ट-अप्स को सलाह एवं मार्गदर्शन प्रदान कर रहे हैं।

कार्यक्रम में बताया गया कि बिहार से बाहर रहने वाले लोग भी अपने गांवों के विकास में योगदान दे रहे हैं। अभियान के तहत 100 से अधिक प्रेरित व्यक्तित्व अपने गांवों में शिक्षा और विकास से जुड़े कार्य कर रहे हैं।

कई लोगों ने अपने गांवों में पुस्तकालय और कंप्यूटर लैब शुरू की है, जबकि कुछ लोग वर्चुअल माध्यम से विद्यार्थियों को शिक्षा दे रहे हैं। वहीं, कई लोगों द्वारा अपने माता-पिता के नाम पर प्रतिभावान विद्यार्थियों को स्कॉलरशिप भी दी जा रही है।

शिक्षा के क्षेत्र में भी Lets Inspire Bihar अभियान के तहत कई पहल की जा रही हैं। अभियान से जुड़ीं शिक्षाविदों और विदुषियों के नेतृत्व में बिहार के 20 जिलों में 41 निःशुल्क गार्गी पाठशालाएं एवं शिक्षा केंद्र संचालित किए जा रहे हैं।

इन केंद्रों से 3,000 से अधिक वंचित विद्यार्थी लाभान्वित हो रहे हैं। अभियान का उद्देश्य बिहार के हर वर्ग के विद्यार्थियों को शिक्षा और कौशल से जोड़ना है।

कार्यक्रम में बताया गया कि वर्तमान में 600 से अधिक स्टार्ट-अप्स Lets Inspire Bihar अभियान के साथ जुड़कर आगे बढ़ रहे हैं। लक्ष्य है कि 2028 के अंत तक बिहार के प्रत्येक जिले में कम से कम 5 ऐसे स्टार्ट-अप्स स्थापित हों, जिनमें 100 या उससे अधिक लोगों को रोजगार मिले।

युवाओं को केवल ‘Job Seekers’ नहीं बल्कि ‘Job Creators’ और ‘Thought Leaders’ बनाने पर जोर दिया गया। इसके लिए बिहार में ऐसा मजबूत स्टार्ट-अप इकोसिस्टम तैयार करने की आवश्यकता बताई गई, जहां युवा अपने विचारों को सफल व्यवसाय और रोजगार के अवसरों में बदल सकें।

कार्यक्रम के दौरान युवाओं से अपने भीतर की ऊर्जा और क्षमता को पहचानकर लक्ष्य निर्धारित करने तथा बिहार के विकास में अपनी भूमिका सुनिश्चित करने का आह्वान किया गया। Lets Inspire Bihar अभियान के माध्यम से शिक्षा, उद्यमिता और सामाजिक भागीदारी की दिशा में यह यात्रा लगातार आगे बढ़ रही है।