बांका के तिलडीहा दुर्गा मंदिर में आस्था का महासैलाब, मां के दरबार में उमड़ा लाखों श्रद्धालुओं का जनसैलाब

बांका के शंभूगंज प्रखंड स्थित प्रसिद्ध एवं ऐतिहासिक तिलडीहा दुर्गा मंदिर में दुर्गा पूजा की पहली पूजा के अवसर पर श्रद्धा, भक्ति और आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिला। मध्यरात्रि 12 बजे से ही मंदिर में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ने लगी.....

बांका के तिलडीहा दुर्गा मंदिर में आस्था का महासैलाब- फोटो : चन्द्रशेखर भगत

Banka : बांका और मुंगेर जिला के सीमा पर बांका के शंभूगंज प्रखंड स्थित  प्रसिद्ध एवं ऐतिहासिक तिलडीहा दुर्गा मंदिर में दुर्गा पूजा की पहली पूजा के अवसर पर श्रद्धा, भक्ति और आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिला। मां तिलडीहा महारानी के दर्शन और जलार्पण के लिए लाखों श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। शनिवार की मध्यरात्रि 12 बजे से ही श्रद्धालुओं के मंदिर पहुंचने और जलार्पण करने का सिलसिला शुरू हो गया। देखते ही देखते पूरा मंदिर परिसर श्रद्धालुओं की भीड़ से भर गया। चारों ओर माता रानी के जयकारों से वातावरण भक्तिमय हो उठा। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आया।दुर्गा पूजा की पहली पूजा को लेकर श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखने को मिला। सुल्तानगंज स्थित उत्तरवाहिनी गंगा से पवित्र गंगाजल लेकर बड़ी संख्या में श्रद्धालु मां तिलडीहा महारानी के दरबार पहुंचे। श्रद्धालुओं ने माता रानी को जल अर्पित कर अपने परिवार की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की। इस दौरान मंदिर परिसर से लेकर आसपास के इलाकों तक श्रद्धालुओं की लंबी कतारें देखने को मिलीं।


आधी रात से शुरू हुआ जलार्पण, माता रानी के जयकारों से गूंजा तिलडीहा धाम


मां तिलडीहा महारानी के प्रति श्रद्धालुओं की अटूट आस्था का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि मध्यरात्रि 12 बजे से ही मंदिर में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ने लगी। हाथों में गंगाजल से भरे पात्र और मन में माता रानी के प्रति अटूट विश्वास लिए श्रद्धालु जलार्पण के लिए कतारों में खड़े नजर आए। मंदिर परिसर में लगातार गूंज रहे 'जय माता दी' और 'मां तिलडीहा महारानी की जय' के जयकारों से पूरा वातावरण भक्तिमय बना रहा। श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। माता रानी के दर्शन के लिए दूर-दराज से पहुंचे भक्तों में विशेष उमंग दिखाई दी।


सुल्तानगंज से गंगाजल लेकर पहुंचे श्रद्धालु, बिहार-झारखंड से उमड़ी भीड़


तिलडीहा दुर्गा मंदिर की धार्मिक मान्यता और माता रानी के प्रति अटूट विश्वास के कारण यहां प्रत्येक वर्ष दुर्गा पूजा के अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। विशेषकर पहली पूजा के दिन सुल्तानगंज से पवित्र गंगाजल लाकर माता रानी को अर्पित करने की परंपरा श्रद्धालुओं के बीच विशेष महत्व रखती है।इस बार भी बिहार के बांका, भागलपुर, मुंगेर सहित विभिन्न जिलों के अलावा पड़ोसी राज्य झारखंड से बड़ी संख्या में श्रद्धालु तिलडीहा धाम पहुंचे। श्रद्धालुओं ने माता रानी की पूजा-अर्चना कर अपने परिवार की सुख-शांति और मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए प्रार्थना की। श्रद्धालुओं की मान्यता है कि मां तिलडीहा महारानी के दरबार में सच्चे मन से मांगी गई मुराद पूरी होती है। यही कारण है कि दुर्गा पूजा के अवसर पर यहां श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ती है।


श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर प्रशासन अलर्ट, चप्पे-चप्पे पर पुलिस और मजिस्ट्रेट तैनात


तिलडीहा दुर्गा मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। मंदिर परिसर और आसपास के संवेदनशील स्थानों पर पुलिस बल के साथ दंडाधिकारियों की तैनाती की गई है।श्रद्धालुओं को सुरक्षित तरीके से दर्शन और जलार्पण कराने तथा भीड़ को नियंत्रित रखने के लिए पुलिस प्रशासन विशेष सतर्कता बरत रहा है। मंदिर तक पहुंचने वाले मार्गों और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई गई है, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़े।विशेष रूप से महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों की सुरक्षा को लेकर भी प्रशासन सतर्क है। भारी भीड़ के दौरान किसी प्रकार की अव्यवस्था उत्पन्न न हो, इसके लिए पुलिस बल को मुस्तैद रहने के निर्देश दिए गए हैं।


एसपी अमितेश कुमार बोले—श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता, पुलिस पूरी तरह मुस्तैद


बांका के पुलिस अधीक्षक अमितेश कुमार ने बताया कि तिलडीहा दुर्गा मंदिर में दुर्गा पूजा के अवसर पर उमड़ने वाली श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह सक्रिय है। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा पुलिस प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में पुलिस बल की तैनाती की गई है। भीड़ नियंत्रण और विधि-व्यवस्था बनाए रखने को लेकर पुलिसकर्मियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं।एसपी ने स्पष्ट किया कि श्रद्धालुओं को शांतिपूर्ण एवं सुरक्षित वातावरण में पूजा-अर्चना करने में किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह प्रतिबद्ध है।


तिलडीहा महारानी के दरबार में दिखा भक्ति और विश्वास का अनूठा संगम


बांका जिले का प्रसिद्ध तिलडीहा दुर्गा मंदिर वर्षों से लाखों श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र रहा है। नवरात्र और दुर्गा पूजा के अवसर पर यहां श्रद्धालुओं का विशेष उत्साह देखने को मिलता है। इस बार भी पहली पूजा पर आधी रात से उमड़ी श्रद्धालुओं की भारी भीड़ ने मां तिलडीहा महारानी के प्रति लोगों की गहरी श्रद्धा और विश्वास को एक बार फिर उजागर कर दिया। एक ओर श्रद्धालुओं के जयकारों से पूरा तिलडीहा धाम गूंजता रहा, वहीं दूसरी ओर जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन श्रद्धालुओं की सुरक्षा तथा विधि-व्यवस्था बनाए रखने में जुटा रहा। नवरात्र की पहली पूजा पर मां तिलडीहा महारानी के दरबार में उमड़ा श्रद्धालुओं का जनसैलाब धार्मिक आस्था, विश्वास और भक्ति का अद्भुत उदाहरण बन गया।

बांका से चंद्रशेखर कुमार भगत कि रिपोर्ट