बांका जिला परिषद में रिश्वत लेते जेई गिरफ्तार: 1.26 लाख के साथ निगरानी टीम ने दबोचा
बांका में निगरानी विभाग की बड़ी कार्रवाई,जिला परिषद कार्यालय में ठेकेदार से 1.26 लाख रुपये रिश्वत लेते जूनियर इंजीनियर (JE) ओमप्रकाश मंडल और सहयोगी जागेश्वर मंडल रंगे हाथ गिरफ्तार। भुगतान रोकने और फाइल आगे बढ़ाने के एवज में मांगी थी घूस।
पटना निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की टीम ने बांका जिला परिषद कार्यालय में बड़ी कार्रवाई करते हुए रिश्वतखोरी के मामले का पर्दाफाश किया है। टीम ने जिला परिषद के जूनियर इंजीनियर (जेई) ओमप्रकाश मंडल तथा जागेश्वर मंडल को 1.26 लाख रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। इस त्वरित कार्रवाई से जिला परिषद कार्यालय सहित जिले के विभिन्न सरकारी विभागों में हड़कंप मच गया है।
संवेदक की शिकायत पर जांच और जालसाजी
निगरानी विभाग के डीएसपी सत्येंद्र कुमार के अनुसार, एक संवेदक ने लिखित शिकायत दर्ज कराई थी कि उसके कार्य की फाइल आगे बढ़ाने और भुगतान प्रक्रिया के लिए जेई रिश्वत की मांग कर रहा है। शिकायत का गोपनीय सत्यापन कराने पर मामला सही पाया गया। इसके बाद निगरानी विभाग की टीम ने आरोपियों को रंगे हाथ पकड़ने के लिए ठोस रणनीति तैयार की।
1.26 लाख की रिश्वत के साथ रंगे हाथ गिरफ्तारी
तय योजना के तहत सोमवार को संवेदक को रिश्वत की राशि लेकर जिला परिषद कार्यालय भेजा गया। जैसे ही संवेदक ने तयशुदा 1 लाख 26 हजार रुपये आरोपियों को सौंपे, पास में मुस्तैद निगरानी टीम ने तुरंत छापेमारी कर दोनों को मौके पर ही धर दबोचा। आरोपियों को संभलने का मौका तक नहीं मिला और टीम आवश्यक कागजी कार्रवाई पूरी कर उन्हें अपने साथ पटना ले गई।
भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम में केस दर्ज और विभागों में खौफ
दोनों आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। इस कार्रवाई के बाद पूरे दिन जिला परिषद कार्यालय में अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। निगरानी विभाग के अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि सरकारी विभागों में व्याप्त रिश्वतखोरी और भ्रष्टाचार के खिलाफ आगे भी इसी तरह की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
बांका से चंद्रशेखर कुमार भगत की रिपोर्ट