Bihar Inter Exam:इंटर परीक्षा के पहले दिन बवाल! बेगूसराय में लेट पहुंचे छात्रों का हंगामा, गेट फांदने की कोशिश पर पुलिस की लाठी चली
Bihar Inter Exam: बिहार में आज से इंटरमीडिएट बोर्ड परीक्षा के पहले ही दिन एक परीक्षा केंद्र पर उस वक्त अफरा-तफरी और तनाव का माहौल बन गया, जब देर से पहुंचे कुछ छात्रों ने परीक्षा केंद्र में जबरन घुसने की कोशिश की।
Bihar Inter Exam: बिहार में आज से इंटरमीडिएट बोर्ड परीक्षा की शुरुआत होते ही बेगूसराय में कानून-व्यवस्था की परीक्षा भी शुरू हो गई। पहले ही दिन एक परीक्षा केंद्र पर उस वक्त अफरा-तफरी और तनाव का माहौल बन गया, जब देर से पहुंचे कुछ छात्रों ने परीक्षा केंद्र में जबरन घुसने की कोशिश की। हालात इतने बिगड़े कि मौके पर तैनात पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा।
दरअसल पहली पाली की परीक्षा का समय सुबह 9:30 बजे निर्धारित था और बोर्ड के निर्देश के मुताबिक परीक्षार्थियों को 9:00 बजे से पहले परीक्षा केंद्र में प्रवेश करना अनिवार्य था। जो छात्र समय पर पहुंचे, उन्हें जांच के बाद अंदर जाने दिया गया। लेकिन करीब दर्जन भर छात्र 9 बजे के बाद परीक्षा केंद्र पहुंचे, जहां उन्हें मुख्य गेट बंद मिला। यहीं से बवाल की शुरुआत हो गई।
लेट पहुंचे छात्रों ने पहले गेट पर बहस शुरू की, फिर हंगामा और धक्का-मुक्की पर उतर आए। कुछ छात्रों ने परीक्षा केंद्र का गेट फांदकर अंदर घुसने की कोशिश की। जब यह कोशिश नाकाम रही तो गुस्साए छात्र गेट को तोड़ने पर आमादा हो गए। हालात बिगड़ते देख पुलिस ने मोर्चा संभाला और छात्रों को खदेड़ने के लिए लाठियां भांजनी पड़ीं। इसी बीच गेट खुलने की अफरा-तफरी में कुछ छात्र परीक्षा केंद्र के अंदर दाखिल होने में कामयाब हो गए।
घटना के बाद परीक्षा केंद्र के बाहर कुछ देर तक तनाव का माहौल बना रहा। पुलिस बल ने स्थिति को नियंत्रण में लिया और दोबारा गेट बंद कर परीक्षा प्रक्रिया को आगे बढ़ाया।
बेगूसराय जिले में इंटर परीक्षा के लिए कुल 39 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां करीब 38 हजार परीक्षार्थी परीक्षा दे रहे हैं। कदाचार मुक्त परीक्षा सुनिश्चित करने के लिए जिला प्रशासन ने हर केंद्र पर दंडाधिकारी और पुलिस बल की तैनाती की है।
परीक्षा केंद्रों में प्रवेश से पहले कड़ी तलाशी ली जा रही है। किसी भी तरह के इलेक्ट्रॉनिक उपकरण पर पूरी तरह पाबंदी है। इतना ही नहीं, परीक्षार्थियों को जूते पहनकर परीक्षा केंद्र में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जा रही है। पहले दिन जो छात्र जूते पहनकर पहुंचे, उनके जूते बाहर उतरवाए गए और उन्हें नंगे पांव ही परीक्षा हॉल में भेजा गया।
प्रशासन का साफ संदेश है नियम तोड़ने वालों के लिए परीक्षा केंद्र नहीं, बल्कि कार्रवाई का दरवाजा खुलेगा। अब देखना होगा कि आने वाले दिनों में परीक्षा व्यवस्था कितनी शांत और कदाचार मुक्त रह पाती है।