बेगूसराय में कुलपति के शिलान्यास कार्यक्रम में हंगामा, छात्रों ने जमकर किया प्रदर्शन, गाड़ी के आगे सड़क पर लेटे प्रदर्शनकारी

Bihar News: कॉलेज छात्र राजनीति के अखाड़े में तब तब्दील हो गया, जब एलएनएमयू के कुलपति प्रो. संजय कुमार चौधरी को छात्र संगठनों के विरोध का सामना करना पड़ा। ...

कुलपति के शिलान्यास कार्यक्रम में हंगामा- फोटो : reporter

Bihar News: बेगूसराय के जीडी कॉलेज में सोमवार को शिलान्यास कार्यक्रम उस वक्त सियासी और छात्र राजनीति के अखाड़े में तब्दील हो गया, जब एलएनएमयू के कुलपति प्रो. संजय कुमार चौधरी को छात्र संगठनों के विरोध का सामना करना पड़ा। ओल्ड हॉस्टल कैंपस में फॉरेन लैंग्वेज, दिनकर चेयर रिसर्च सेंटर और इन्क्यूबेशन सेंटर के शिलान्यास के लिए जैसे ही कुलपति कार्यक्रम स्थल पर पहुंचे, लेफ्ट समेत कुछ छात्र संगठनों के कार्यकर्ताओं ने उन्हें घेर लिया और जमकर नारेबाजी शुरू कर दी।प्रदर्शनकारी छात्र अपनी मांगों को लेकर कुलपति से आमने-सामने बातचीत की मांग कर रहे थे। आरोप है कि जब उनकी बात नहीं सुनी गई तो विरोध और तेज हो गया। देखते ही देखते कुछ प्रदर्शनकारी छात्र कुलपति की गाड़ी के सामने एनएच पर लेट गए। इस अप्रत्याशित स्थिति से कार्यक्रम स्थल पर अफरा-तफरी मच गई और पुलिस-प्रशासन की मौजूदगी में तनाव बढ़ता चला गया।

मामला बिगड़ता देख एबीवीपी और एनएसयूआई से जुड़े कार्यकर्ता भी सक्रिय हो गए। उन्होंने प्रदर्शनकारी छात्रों को कुलपति की गाड़ी से दूर रखने का प्रयास किया। इसके बाद दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए और धक्का-मुक्की की स्थिति पैदा हो गई। मौके पर कुलपति के खिलाफ ‘गो बैक’ समेत कई नारे लगाए गए।हंगामे और विरोध के बीच कुलपति ने कार्यक्रम को ज्यादा लंबा नहीं खींचा। उन्होंने जल्दबाजी में शिलान्यास की औपचारिकता पूरी की और वहां से रवाना हो गए। बताया गया कि कार्यक्रम दोपहर करीब दो बजे निर्धारित था, लेकिन कुलपति लगभग दो घंटे की देरी से पावर हाउस के समीप कार्यक्रम स्थल पर पहुंचे। उनके पहुंचते ही विरोध शुरू हो गया।

कुलपति के खिलाफ प्रदर्शन का नेतृत्व एआईएसएफ जिलाध्यक्ष अमरेश कुमार के नेतृत्व में लेफ्ट छात्र संगठनों ने किया। प्रदर्शनकारी छात्रों ने आउटसोर्सिंग बहाली में कथित अनियमितताओं की जांच, छात्र संघ चुनाव कराने और ऑनलाइन आवेदन के बावजूद नामांकन से वंचित छात्रों का नामांकन सुनिश्चित करने की मांग उठाई।छात्रों का कहना था कि वे अपनी समस्याओं को लेकर कुलपति से बातचीत करना चाहते थे, लेकिन उन्हें अपेक्षित तवज्जो नहीं मिली। इसी के बाद प्रदर्शन ने उग्र रूप ले लिया और छात्रों ने कुलपति के काफिले को रोकने की कोशिश की।कार्यक्रम के दौरान विश्वविद्यालय की छात्र राजनीति का बंटा हुआ चेहरा भी सामने आया। एक तरफ एबीवीपी और एनएसयूआई के कार्यकर्ता प्रदर्शनकारियों को कुलपति तक पहुंचने से रोकते नजर आए, जबकि दूसरी तरफ लेफ्ट, राजद समेत अन्य छात्र संगठनों के कार्यकर्ता विरोध कर रहे थे। दोनों पक्षों के बीच धक्का-मुक्की के बाद कार्यक्रम स्थल पर तनाव का माहौल बन गया।

जीडी कॉलेज के ओल्ड हॉस्टल कैंपस की जमीन पर फॉरेन लैंग्वेज, दिनकर चेयर रिसर्च सेंटर और इन्क्यूबेशन सेंटर विकसित करने की योजना के तहत शिलान्यास कार्यक्रम आयोजित किया गया था। इसी परिसर में जिला प्रशासन की ओर से परीक्षा भवन बनाए जाने की मंशा की चर्चा भी सामने आई थी। इसे लेकर पहले असमंजस की स्थिति बनी थी।हालांकि, विश्वविद्यालय की योजना और परीक्षा भवन के प्रस्ताव के बीच वास्तविक स्थिति क्या है, इस पर संबंधित पक्षों की ओर से आधिकारिक तौर पर स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है। ऐसे में इसे फिलहाल संभावित खींचतान के रूप में ही देखा जा रहा है।कार्यक्रम में जीडी कॉलेज के प्राचार्य स्वागतकर्ता और एसबीएसएस कॉलेज के प्राचार्य संयोजक की भूमिका में थे। कुलपति प्रो. संजय कुमार चौधरी और संयोजक से मामले पर प्रतिक्रिया लेने का प्रयास किया गया, लेकिन दोनों ने मीडिया से बातचीत नहीं की। इस पूरे घटनाक्रम ने बेगूसराय की छात्र राजनीति में विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ असंतोष को फिर सुर्खियों में ला दिया है।

रिपोर्ट- अजय शास्त्री