धूमधाम से मना भारत-नेपाल सीमा पर तैनात SSB 21वीं वाहिनी का 24वाँ स्थापना दिवस: कमांडेंट ने दिया सुरक्षित भविष्य का संदेश

भारत-नेपाल अंतरराष्ट्रीय सीमा की सुरक्षा में मुस्तैदी से तैनात SSB की 21वीं वाहिनी की तैनाती के 24 साल हो गए। इस मौके पर भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान जवानों ने कमांडेंट को गार्ड ऑफ ऑनर दिया.....

SSB 21वीं वाहिनी का 24वां स्थापना दिवस- फोटो : आशीष

Bagha : भारत-नेपाल अंतरराष्ट्रीय सीमा की सुरक्षा में मुस्तैदी से तैनात सशस्त्र सीमा बल (SSB) की 21वीं वाहिनी, बगहा ने अपनी तैनाती और सफल इतिहास के गौरवशाली 24 साल पूरे कर लिए हैं। इस ऐतिहासिक अवसर पर वाहिनी का 24वां स्थापना दिवस कार्यक्रम कमांडेंट तपेश्वर संबित राउत के कुशल नेतृत्व एवं मार्गदर्शन में पूरे उत्साह, गरिमा और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। समारोह का भव्य शुभारंभ वाहिनी परिसर में स्थित सर्वधर्म स्थल पर आयोजित एक सामूहिक प्रार्थना के साथ हुआ, जिसमें देश व सीमावर्ती क्षेत्रों की सुरक्षा, शांति, खुशहाली और समृद्धि के लिए प्रार्थना की गई।


कमांडेंट को गार्ड ऑफ ऑनर: परेड के जरिए बल के जवानों ने दिखाया अनुशासन

सामूहिक प्रार्थना के उपरांत वाहिनी के अनुशासित जवानों द्वारा एक बेहद आकर्षक और भव्य परेड प्रस्तुत की गई, जिसमें कमांडेंट तपेश्वर संबित राउत को सलामी देते हुए 'गार्ड ऑफ ऑनर' प्रदान किया गया। इस मौके पर जवानों का हौसला बढ़ाते हुए कमांडेंट महोदय ने समस्त बल कार्मिकों और उनके परिवारों को स्थापना दिवस की हार्दिक शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने कहा कि 21वीं वाहिनी का इतिहास सफलताओं से भरा रहा है और इसकी गौरवशाली परंपराएँ, उच्च अनुशासन, समर्पण एवं राष्ट्रसेवा की अटूट भावना बल के प्रत्येक सिपाही के लिए हमेशा प्रेरणास्रोत बनी रहेंगी।


DIG हरि प्रकाश समेत कई दिग्गज रहे मौजूद: मुख्य अतिथियों ने बढ़ाई कार्यक्रम की शोभा

बगहा में आयोजित इस हाई-प्रोफाइल स्थापना दिवस समारोह में कई वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों और गणमान्य अतिथियों ने शिरकत की। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप में एसएसबी के डीआईजी (DIG) हरि प्रकाश मौजूद रहे। वहीं विशिष्ट अतिथि के तौर पर क्षेत्रक मुख्यालय सशस्त्र सीमा बल बेतिया की संदीक्षा अध्यक्षा राखी कटारिया, स्थानीय एमएलसी (MLC) भीष्म साहनी, 44वीं वाहिनी नरकटियागंज के कमांडेंट तथा 65वीं वाहिनी बेतिया के कमांडेंट समेत कई अन्य अधिकारी और अतिथिगण शामिल हुए, जिन्होंने वाहिनी की उपलब्धियों की भूरि-भूरि प्रशंसा की।


दूरगामी विकास और सुरक्षित भविष्य का आह्वान: राष्ट्रसेवा के लिए जवानों को किया प्रेरित

अपने संबोधन के दौरान कमांडेंट तपेश्वर संबित राउत ने सीमा सुरक्षा के बदलते आयामों पर चर्चा की। उन्होंने सीमा पर तैनात सभी अधिकारियों और जवानों से पूरी निष्ठा, ईमानदारी और कर्तव्यपरायणता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने की अपील की। उन्होंने जोर देकर कहा कि एसएसबी का काम न केवल सरहद की रखवाली करना है, बल्कि सीमावर्ती इलाकों में रहने वाले नागरिकों के मन में सुरक्षा का भाव पैदा करना भी है। कमांडेंट ने सभी कार्मिकों से राष्ट्र सुरक्षा के साथ-साथ क्षेत्र के दूरगामी विकास और एक सुरक्षित भविष्य के निर्माण में अपनी सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।


आशीष कुमार की रिपोर्ट