Bhagalpur raid: भागलपुर के गोपालपुर अंचल के सरकारी अभिलेख निजी घर से बरामद, प्रशासन ने की छापेमारी

Bhagalpur raid: भागलपुर के गोपालपुर अंचल से जुड़े सरकारी दस्तावेज धरहरा गांव के एक निजी घर से बरामद किया गया है। प्रशासनिक जांच जारी, म्यूटेशन मामलों पर भी सवाल उठने लगे हैं ।

भागलपुर में म्यूटेशन विवाद से मचा बवाल!- फोटो : social media

Bhagalpur raid: भागलपुर जिले के गोपालपुर अंचल से सरकारी अभिलेख गायब होने की चर्चाओं के बीच सोमवार को प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए धरहरा गांव में छापेमारी की गई है। वरीय पदाधिकारी के नेतृत्व में की गई इस कार्रवाई में गोपालपुर थाना की पुलिस टीम भी शामिल रही।मिली जानकारी के अनुसार, छापेमारी के दौरान अंचल कार्यालय से जुड़े कई महत्वपूर्ण सरकारी दस्तावेज धरहरा गांव स्थित एक व्यक्ति के निजी आवास से बरामद किए गए। पुलिस ने सभी दस्तावेजों को जब्त कर संबंधित अनुमंडल कार्यालय को सौंप दिया है। प्रारंभिक आशंका है कि बरामद अभिलेख राजस्व एवं जमीन संबंधी मामलों से जुड़े हो सकते हैं, हालांकि प्रशासनिक स्तर पर इस संबंध में आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।

निजी आवास तक कैसे पहुंचे सरकारी दस्तावेज?

घटना के बाद पूरे क्षेत्र में कई सवाल खड़े हो गए हैं। स्थानीय लोगों के बीच चर्चा है कि सरकारी रिकॉर्ड किसी निजी घर तक कैसे पहुंचे और किन परिस्थितियों में वहां रखे गए। यह भी सवाल उठ रहा है कि क्या अभिलेखों के रखरखाव में लापरवाही हुई या मामला किसी बड़े अनियमितता से जुड़ा है। इधर, गोपालपुर अंचल कार्यालय इन दिनों म्यूटेशन (दाखिल-खारिज) मामलों को लेकर पहले से ही चर्चा में है। जानकारी के अनुसार, अलग-अलग व्यक्तियों द्वारा एक माह के भीतर दो बार नालिशी वाद दायर किया गया है। साथ ही अंचलाधिकारी के चालक और एक पीड़ित के बीच कथित लेनदेन से जुड़ा एक ऑडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल होने की बात सामने आई है।

जिला अधिकारी का निर्देश

गोपालपुर के अंचलाधिकारी रोशन कुमार और वरीय उपसमाहर्ता से संपर्क करने का प्रयास किया गया तो उनका फोन रिसीव नहीं किया। वहीं नवगाछिया के अनुमंडल पदाधिकारी ने ऐसी किसी घटना की जानकारी होने से इनकार किया है। गौर हो कि भागलपुर जिला अधिकारी डॉ नवल किशोर चौधरी, समय-समय पर निर्देश देते रहे हैं कि किसी भी खबर के प्रकाशन से पूर्व संबंधित अधिकारियों से आधिकारिक जानकारी अवश्य ली जाए। बावजूद इसके, इस मामले में अब तक स्पष्ट प्रशासनिक बयान सामने नहीं आ पाया है।

जांच जारी, रिपोर्ट का इंतजार

फिलहाल पूरे मामले की जांच प्रशासनिक स्तर पर जारी है। जांच रिपोर्ट सामने आने के बाद ही आगे की कार्रवाई और प्रकरण के वास्तविक तथ्यों का खुलासा होने की संभावना है।

भागलपुर से बलमुकुंद कुमार की रिपोर्ट