Bihar News : भागलपुर में नकली और अवैध दवाओं के खिलाफ हुई बड़ी कार्रवाई, 6.47 लाख की संदिग्ध दवाएं जब्त, आरोपी पर दर्ज हुई एफआईआर

Bihar News : भागलपुर में बबरगंज थाना क्षेत्र के एक मकान में की गई छापेमारी के दौरान करीब 6 लाख 47 हजार रुपये मूल्य की 36 प्रकार की संदिग्ध दवाएं बरामद की गई हैं।

नकली दवा कारोबार पर शिकंजा - फोटो : BALMUKUND

BHAGALPUR : जिले में नकली एवं अवैध दवाओं के कारोबार के खिलाफ स्वास्थ्य विभाग और औषधि नियंत्रण प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। बबरगंज थाना क्षेत्र में की गई छापेमारी के दौरान करीब 6 लाख 47 हजार रुपये मूल्य की 36 प्रकार की संदिग्ध दवाएं जब्त की गईं। इनमें से 29 प्रकार की दवाओं के नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं। प्रारंभिक जांच में दवाओं के नकली अथवा डुप्लीकेट होने की आशंका जताई गई है। इस मामले में अवैध रूप से दवा कारोबार संचालित करने के आरोप में गुलाम सरवर के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। वहीं, जिस मकान में दवाओं का भंडारण किया गया था, उसके मालिक मोहम्मद सफी का नाम भी सामने आया है।

जानकारी के अनुसार, सिविल सर्जन डॉ. अशोक प्रसाद एवं सहायक औषधि नियंत्रक चंद्रकांत झा के निर्देश पर मजिस्ट्रेट अनुरंजन कुमार की मौजूदगी में छापेमारी की गई। कार्रवाई में बाबरगंज थाना के एसआई के साथ औषधि निरीक्षक शशिभूषण कुमार और मिलन कुमार शामिल थे। टीम ने करीब तीन घंटे तक सघन जांच अभियान चलाया। इस दौरान मौके से 36 प्रकार की दवाएं बरामद की गईं, जिनकी अनुमानित कीमत 6 लाख 47 हजार रुपये बताई गई है। 

औषधि विभाग की टीम ने 29 प्रकार की दवाओं के नमूने संग्रहित कर उनकी गुणवत्ता, वास्तविकता और वैधता की जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे हैं। प्रारंभिक निरीक्षण में दवाएं संदिग्ध प्रतीत हुई हैं। इनके नकली अथवा डुप्लीकेट होने की आशंका के मद्देनजर विभाग ने नमूनों को जांच के लिए भेजा है। हालांकि, दवाओं के नकली होने की आधिकारिक पुष्टि प्रयोगशाला की रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी।

औषधि विभाग ने अवैध रूप से दवा कारोबार संचालित करने के आरोप में गुलाम सरवर के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई है। वहीं, जिस मकान में दवाओं का भंडारण किया गया था, उसके मालिक मोहम्मद सफी का नाम भी सामने आया है। जांच के दौरान दवाओं की आपूर्ति के स्रोत, भंडारण और कारोबार से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका का पता लगाया जाएगा। औषधि विभाग की इस कार्रवाई से अवैध दवा कारोबार से जुड़े लोगों में हड़कंप मचा हुआ है। अब सबकी निगाहें प्रयोगशाला जांच रिपोर्ट और पुलिस की आगे की कार्रवाई पर टिकी हैं।

बालमुकुंद की रिपोर्ट