Bihar News : विक्रमशिला सेतु बंद होने का साइड इफेक्ट, गंगा किनारे फंसी बारात, दूल्हे ने डीएम से लगाई गुहार— 'साहब! शादी करा दीजिए'

Bihar News : विक्रमशिला सेतु बंद होने का असर अब बारात पर देखने को मिलने लगा है. इसी कड़ी में दुल्हे ने डीएम से लगाई गुहार— 'साहब! शादी करा दीजिए'.....पढ़िए आगे

बारात पर असर - फोटो : BALMUKUND

BHAGALPUR : विक्रमशिला सेतु पर आवाजाही बंद होने का असर अब लोगों के सामाजिक और पारिवारिक जीवन पर गहराने लगा है। सेतु बंद होने के कारण आम जनजीवन तो प्रभावित था ही, लेकिन अब शादी-विवाह जैसे शुभ कार्यों में भी बड़ी बाधा उत्पन्न हो गई है। ताजा मामला एक दूल्हे से जुड़ा है, जिसे गंगा पार अपनी शादी में जाना था, लेकिन नाव परिचालन का समय समाप्त होने के कारण वह किनारे पर ही फंसा रह गया।

दरअसल, जिला प्रशासन ने सुरक्षा कारणों से गंगा नदी में सुबह 5 बजे से शाम 5 बजे तक ही नौका परिचालन की अनुमति दी है। जयराम कुमार नाम का दूल्हा अपनी बारात के साथ शादी के लिए गंगा पार जाने वाला था, लेकिन घाट पर पहुँचने में थोड़ी सी देर हो गई। शाम के 5 बजते ही नावों का परिचालन बंद कर दिया गया, जिससे दूल्हा और उसके परिजन बीच रास्ते में ही अटक गए।

बेबस दूल्हे जयराम कुमार ने बेहद भावुक अंदाज में जिला प्रशासन से मदद की गुहार लगाते हुए कहा, “डीएम साहब! हमारी शादी करा दीजिए।” दूल्हे की इस पुकार ने मौके पर मौजूद सभी लोगों को झकझोर कर रख दिया। दूल्हे के जीजा मुकेश कुमार ने बताया कि अगर वे समय पर नदी पार नहीं कर पाए, तो शादी का शुभ मुहूर्त निकल जाएगा और परिवार के सामने एक बड़ी मुश्किल खड़ी हो जाएगी।

विक्रमशिला सेतु के बंद होने से केवल रोजमर्रा की जिंदगी ही नहीं, बल्कि अब लोगों की भावनाएं और परंपराएं भी प्रभावित हो रही हैं। रात के समय आवाजाही का कोई विकल्प न होने के कारण उन लोगों के लिए संकट खड़ा हो गया है जिनके घर में मांगलिक कार्य हैं। घाट पर फंसे परिजनों ने प्रशासन से मानवीय आधार पर विशेष व्यवस्था करने की मांग की है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि प्रशासन को शादी-विवाह और आपातकालीन चिकित्सा जैसे जरूरी कार्यों के लिए नियमों में थोड़ी ढील देनी चाहिए या फिर विशेष नौकाओं की व्यवस्था करनी चाहिए। फिलहाल, दूल्हे और उसके परिजनों की नजरें प्रशासन की मदद पर टिकी हैं, ताकि वे समय रहते अपनी मंजिल तक पहुँच सकें। 

बालमुकुन्द की रिपोर्ट