Bihar topper success story: जुड़वां बहनों का डबल धमाका, साक्षी–सृष्टि ने रचा इतिहास, बनीं भागलपुर की विज्ञान टॉपर

बिहार इंटरमीडिएट परीक्षा के नतीजों में इस बार भागलपुर से एक ऐसी कहानी सामने आई है, जो सिर्फ कामयाबी की नहीं बल्कि जज़्बे, मेहनत और बहनापे की मिसाल बन गई है। ...

साक्षी–सृष्टि ने रचा इतिहास- फोटो : social Media

Bihar topper success story: जब इरादे मजबूत हों और साथ में हो बहन का साथ, तो सफलता भी डबल हो जाती है। बिहार इंटरमीडिएट परीक्षा के नतीजों में इस बार भागलपुर से एक ऐसी कहानी सामने आई है, जो सिर्फ कामयाबी की नहीं बल्कि जज़्बे, मेहनत और बहनापे की मिसाल बन गई है। कजरैली प्रखंड के केलापुर गांव की जुड़वां बहनें साक्षी और सृष्टि ने विज्ञान संकाय में जिला टॉपर बनकर पूरे इलाके का सर फख्र से ऊंचा कर दिया है।

साक्षी ने 92 फीसदी और सृष्टि ने 92.2 फीसदी  अंक हासिल किए हैं। दोनों के अंकों में मामूली सा फर्क, लेकिन मेहनत और लगन में कोई कमी नहीं। इन बहनों ने यह साबित कर दिया कि जब इरादे बुलंद हों और साथ में हो भरोसे का हाथ, तो मंज़िल खुद रास्ता दे देती है। उनकी यह कामयाबी सिर्फ परीक्षा का रिजल्ट नहीं, बल्कि सालों की मेहनत और अनुशासन की शानदार प्रतिनिधित्व  है।

जैसे ही रिजल्ट की खबर आई, केलापुर गांव में जश्न का माहौल बन गया। हर गली, हर चौपाल पर बस एक ही चर्चा हमारी बेटियां टॉपर बन गईं! माता-पिता मृत्युंजय कुमार और संगीता शर्मा की आंखों में खुशी के आंसू और चेहरे पर गर्व की चमक साफ झलक रही थी। मां संगीता शर्मा बताती हैं कि पटना से टॉपर वेरिफिकेशन का कॉल आते ही उन्हें बेटियों की इस बड़ी सफलता का एहसास हो गया था।

भागलपुर के गवर्नमेंट हाई स्कूल की इन मेधावी छात्राओं को शिक्षिकाओं और जिला प्रशासन की ओर से भी भरपूर सराहना मिली। उप विकास आयुक्त ने वीडियो कॉल के जरिए दोनों बहनों को बधाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की दुआ की। साक्षी और सृष्टि अब बैंकिंग सेक्टर में अपना मुकाम बनाना चाहती हैं। उनका कहना है कि वे आगे भी इसी तरह मेहनत करती रहेंगी और अपने ख्वाबों को हकीकत में बदलेंगी।

साक्षी और सृष्टि ने कहा कि हमने रोज़ाना पढ़ाई की और एक-दूसरे को मोटिवेट करते रहे, यही हमारी सबसे बड़ी ताकत बनी। वहीं साक्षी और सृष्टि की मां संगीता शर्मा का कहना है कि बेटियों की मेहनत रंग लाई, हमें उन पर नाज है। गांव की रहने वाली  रंजित आचार्य का कहना है कि इन बेटियों ने गांव का नाम रोशन कर दिया, ये हम सबके लिए मिसाल हैं। जब हौसले मजबूत हों और साथ हो अपनों का, तो कामयाबी भी दो कदम आगे बढ़कर गले लगाती है… साक्षी और सृष्टि की यह कहानी हर उस छात्र के लिए पैगाम है, जो अपने ख्वाबों को सच करना चाहता है।

रिपोर्ट-अंजनी कुमार कश्यप