ठेकेदार की गुंडागर्दी या विभाग की शह? -बिना एनओसी किसान के खेत में घुसा दी सड़क, 55 लाख की योजना विवादों में
बक्सर जिले के इटाढ़ी प्रखंड में ग्रामीण कार्य विभाग की एक सड़क योजना विवादों के घेरे में आ गई है। यहाँ एक किसान की निजी जमीन पर बिना किसी कानूनी प्रक्रिया या सहमति के जबरन कच्ची सड़क का निर्माण शुरू कर दिया गया, जिससे किसान को भारी आर्थिक नुकसान हुआ
Buxar - : बिहार सरकार के ग्रामीण कार्य विभाग (RWD) की कार्यप्रणाली पर एक बार फिर गंभीर सवालिया निशान लग गए हैं। इटाढ़ी प्रखंड के महिला गांव में एक किसान की रैयती जमीन पर बिना किसी अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) और बिना पूर्व सूचना के जबरन मिट्टी भरकर कच्ची सड़क का निर्माण शुरू कर दिया गया। ठेकेदार की इस मनमानी से खेत में खड़ी फसल तो बर्बाद हुई ही, साथ ही मिट्टी की कटाई से खेत में गहरा गड्ढा भी बन गया है।
55 लाख की योजना, 100 मीटर तक जबरन कब्जा
पीड़ित किसान रविकांत ओझा के अनुसार, ठेकेदार ने उनकी निजी जमीन पर लगभग 100 मीटर तक मिट्टी भरकर सड़क खड़ी कर दी है। ग्रामीण कार्य विभाग के कार्यपालक अभियंता रणविजय सिंह ने स्वीकार किया कि इटाढ़ी-कपूरपट्टी से बसांव खुर्द रोड से महिला ब्राह्मण टोला तक लगभग 550 मीटर लंबी सड़क के निर्माण के लिए करीब 55 लाख रुपये का टेंडर जारी किया गया था। फिलहाल, जमीन विवाद की बात सामने आने पर निर्माण कार्य पर तत्काल रोक लगा दी गई है।
एसडीओ से न्याय की गुहार
अपनी मेहनत की फसल और जमीन को बर्बाद होता देख पीड़ित किसान ने सदर अनुमंडल पदाधिकारी (SDO) अविनाश कुमार से मिलकर न्याय की गुहार लगाई है। किसान ने ठेकेदार की मनमानी पर कड़ी कार्रवाई और मुआवजे की मांग की है। सदर एसडीओ ने बताया कि किसान से लिखित आवेदन मांगा गया है और मामले की जांच के बाद दोषियों पर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
रिपोर्ट - नरोत्तम कुमार