गोपालगंज के एसपी विनय तिवारी का अनोखा अंदाज! बिना काफिले के अचानक बाइक से शहर के निरीक्षण पर निकले

गोपालगंज में पुलिस अधीक्षक विनय तिवारी का अनोखा अंदाज देखने को मिला। आमतौर पर सरकारी काफिले में निकलने वाले एसपी इस बार खुद बाइक चलाकर शहर की सड़कों पर उतरे।ट्रैफिक व्यवस्था, कानून-व्यवस्था,सड़क सुरक्षा और शहर की साफ-सफाई का जमीनी स्तर पर लिया जायज़ा

गोपालगंज के एसपी विनय तिवारी का अनोखा अंदाज! बिना काफिले के अचानक बाइक से शहर के निरीक्षण पर निकले - फोटो : Reporter

गोपालगंज में पुलिस प्रशासन का एक बेहद अनोखा और जमीनी अंदाज देखने को मिला है। आमतौर पर भारी सुरक्षा और हूटर बजाते सरकारी काफिले में चलने वाले गोपालगंज के पुलिस अधीक्षक (SP) विनय तिवारी इस बार खुद बाइक चलाकर शहर की सड़कों पर उतरे। समाहरणालय परिसर से बिना किसी तामझाम के बुलेट पर सवार होकर निकले एसपी को इस रूप में देखकर सड़कों पर मौजूद आम जनता और राहगीर आश्चर्यचकित रह गए। यह बिना प्रोटोकॉल वाला औचक निरीक्षण पूरे जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है।


ट्रैफिक और कानून-व्यवस्था की टटोली नब्ज

इस खास निरीक्षण अभियान में एसपी विनय तिवारी अकेले बाइक पर सवार होकर निकले। दोनों शीर्ष अधिकारियों ने शहर के विभिन्न प्रमुख मार्गों, व्यस्त चौराहों और बाज़ारों का चक्कर लगाया। इस दौरान उन्होंने जमीनी स्तर पर ट्रैफिक व्यवस्था, वाहनों की आवाजाही, सड़कों पर होने वाले अतिक्रमण और सुरक्षा के लिहाज से तैनात पुलिसकर्मियों की मुस्तैदी का बारीकी से जायजा लिया। कई जगहों पर एसपी ने खुद रुककर ऑन-ड्यूटी पुलिसकर्मियों को यातायात व्यवस्था सुधारने के कड़े निर्देश दिए।

बाजारों से लेकर थावे मंदिर तक पहुंचे अधिकारी, आम लोगों से की बात

बिना किसी औपचारिक प्रोटोकॉल के निकले दोनों अधिकारी शहर के मुख्य बाजारों, वेयरहाउस और पुलिस लाइन का निरीक्षण करते हुए प्रसिद्ध थावे दुर्गा मंदिर परिसर तक पहुंचे। वहां उन्होंने मंदिर और आसपास के इलाकों की सुरक्षा व्यवस्था को परखा। इस दौरान एसपी और डीएम ने कई जगहों पर रुककर आम दुकानदारों और राहगीरों से सीधा संवाद भी किया। अधिकारियों ने यह जानने का प्रयास किया कि रोजमर्रा के समय शहर की जनता को सुरक्षा और ट्रैफिक को लेकर किन व्यावहारिक दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।


वास्तविक स्थिति जानने के लिए लिया फैसला, आगे भी जारी रहेंगे ऐसे एक्शन

इस तरह बाइक से पेट्रोलिंग करने के पीछे का मुख्य उद्देश्य बिना किसी पूर्व सूचना या औपचारिकता के शहर की वास्तविक और व्यावहारिक स्थिति को करीब से देखना था। पुलिस प्रशासन का मानना है कि पहले से तय दौरों में कमियां छिप जाती हैं, जबकि ऐसे औचक निरीक्षणों से व्यवस्था की असली तस्वीर सामने आती है। गोपालगंज पुलिस के अनुसार, आने वाले दिनों में भी कानून-व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त रखने और आम जनता को बेहतर पुलिसिंग का अहसास कराने के लिए इस तरह के औचक एक्शन आगे भी जारी रहेंगे।

रिपोर्ट - नमो नारायण मिश्र