Bihar News: मुजफ्फरपुर गैस पाइपलाइन ब्लास्ट, एक्शन में पुलिस, 24 घंटे के अंदर SIT गठित, दोषियों पर कसेगा शिकंजा

Bihar News: गोबरसही चौक पर हुए भीषण गैस पाइपलाइन धमाके के मामले में पुलिस प्रशासन ने जांच तेज कर दी है।....

मुजफ्फरपुर गैस पाइपलाइन ब्लास्ट- फोटो : reporter

Bihar News: मुजफ्फरपुर जिले के गोबरसही चौक पर हुए भीषण गैस पाइपलाइन धमाके के मामले में पुलिस प्रशासन ने जांच तेज कर दी है। नाला निर्माण के लिए की जा रही खुदाई के दौरान गैस पाइपलाइन में हुए जोरदार विस्फोट ने इलाके में अफरा-तफरी मचा दी थी। इस दर्दनाक हादसे में एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि दर्जनों लोग घायल हो गए थे। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस कप्तान कातेश कुमार मिश्रा के निर्देश पर महज 24 घंटे के अंदर विशेष जांच टीम (SIT) का गठन कर दिया गया है।

SIT गठित, SDPO Town-2 को मिली जांच की कमान

घटना के बाद जिला प्रशासन और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया था। मामले की जानकारी मिलते ही मुजफ्फरपुर के जिलाधिकारी और पुलिस कप्तान घटनास्थल पर पहुंचे थे। दोनों अधिकारियों ने मौके का निरीक्षण कर हादसे की परिस्थितियों और सुरक्षा इंतजामों की जानकारी ली थी।निरीक्षण के बाद अधिकारियों ने स्पष्ट किया था कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के लिए विशेष टीम बनाई जाएगी और जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।इसी घोषणा के अनुरूप अब पुलिस कप्तान के निर्देश पर SIT का गठन कर दिया गया है। इस विशेष जांच टीम का नेतृत्व SDPO टाउन-2 करेंगे। टीम को हादसे के प्रत्येक पहलू की गहराई से जांच करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

CCTV फुटेज से लेकर तकनीकी साक्ष्यों तक की होगी पड़ताल

गठित SIT ने जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी है। टीम तकनीकी साक्ष्यों, मानवीय सूचनाओं और घटनास्थल के आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाल रही है।जांच के दौरान मुख्य रूप से इन बिंदुओं पर ध्यान दिया जा रहा है-नाला निर्माण के लिए खुदाई का आदेश किस विभाग या अधिकारी ने जारी किया था।खुदाई से पहले गैस पाइपलाइन की लोकेशन की जानकारी ली गई थी या नहीं।  निर्माण कार्य के दौरान निर्धारित सुरक्षा मानकों का पालन किया गया था या नहीं। पाइपलाइन की सुरक्षा के लिए मौके पर आवश्यक इंतजाम किए गए थे या नहीं। हादसे के समय घटनास्थल पर कौन-कौन लोग और एजेंसियां काम कर रही थीं। CCTV फुटेज और तकनीकी साक्ष्य हादसे की वजह को स्पष्ट करने में क्या भूमिका निभाते हैं।पुलिस की कोशिश है कि लापरवाही, सुरक्षा चूक और संभावित जिम्मेदार लोगों की भूमिका को साक्ष्यों के आधार पर सामने लाया जाए।

BDO के प्रतिवेदन पर सदर थाने में FIR दर्ज

इस मामले में कानूनी कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है। प्रखंड विकास पदाधिकारी, मुशहरी की ओर से प्राप्त प्रतिवेदन के आधार पर सदर थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है। अब FIR के आधार पर पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है।जांच एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि निर्माण कार्य के दौरान गैस पाइपलाइन क्षतिग्रस्त कैसे हुई और क्या संबंधित विभाग या निर्माण एजेंसी की ओर से सुरक्षा नियमों की अनदेखी की गई थी।

एक व्यक्ति की मौत के बाद प्रशासन पर कार्रवाई का दबाव

गोबरसही चौक पर हुए इस धमाके ने निर्माण कार्यों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था और विभागीय निगरानी पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक व्यक्ति की जान जाने और दर्जनों लोगों के घायल होने के बाद स्थानीय लोगों में भी नाराजगी है।अब सबकी निगाहें SIT की जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं। पुलिस प्रशासन का कहना है कि तकनीकी और मानवीय साक्ष्यों के आधार पर पूरे मामले की तह तक पहुंचा जाएगा। जांच में जिस किसी की भी लापरवाही या संलिप्तता सामने आएगी, उसके खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।

रिपोर्ट-मणिभूषण शर्मा