पटना हाईकोर्ट: ऑल इंडिया लायर्स यूनियन का स्थापना दिवस संपन्न, न्यायपालिका की स्वतंत्रता पर हुई चर्चा

ऑल इंडिया लायर्स यूनियन (AILU) के स्थापना दिवस के अवसर पर पटना हाईकोर्ट शाखा द्वारा एक विशेष संगोष्ठी का आयोजन किया गया। इसमें वकीलों की बेहतरी, न्यायपालिका की स्वतंत्रता और संगठन के विस्तार की रणनीति पर गहन विमर्श हुआ।

Patna - लायर्स एसोसिएशन के मुख्य हॉल (Main Hall) में आयोजित इस संगोष्ठी की अध्यक्षता पटना हाईकोर्ट शाखा के अध्यक्ष  महेश्वर प्रसाद ने की। कार्यक्रम की शुरुआत में शाखा सचिव  शैलेन्द्र कुमार सिंह ने संगोष्ठी की विषयवस्तु को सबके सामने रखा। इसके बाद राज्य सचिव  विजेन्द्र कुमार सिंह ने संगठन के निर्माण, इसके ऐतिहासिक विस्तार और मुख्य लक्ष्यों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने जोर दिया कि संगठन का मूल उद्देश्य न्यायपालिका की स्वतंत्रता को अक्षुण्ण बनाए रखना और अधिवक्ताओं के कल्याण के लिए निरंतर कार्य करना है। 

वकीलों की बेहतरी के लिए भावी रणनीति

संगोष्ठी में वकीलों के कार्यक्षेत्र में आने वाली चुनौतियों और उनके समाधान पर प्रकाश डाला गया। राज्य उपाध्यक्ष  बीरेन्द्र नाथ मिश्रा और राज्य कोषाध्यक्ष  अमरेंद्र कुमार सिन्हा ने संगठन के आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा प्रस्तुत की। उन्होंने बताया कि कैसे अखिल भारतीय स्तर पर AILU वकीलों के अधिकारों की लड़ाई लड़ रहा है और आने वाले समय में संगठन को और अधिक समावेशी और सक्रिय बनाया जाएगा। 

वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने दी शुभकामनाएं

इस अवसर पर इंडियन एसोसिएशन ऑफ लायर्स (IAL) बिहार के अध्यक्ष और बिहार स्टेट बार काउंसिल के सदस्य, वरीय अधिवक्ता  योगेश चन्द्र वर्मा ने शिरकत की। उन्होंने AILU के बेहतर भविष्य के लिए अपनी शुभकामनाएं दीं। उनके साथ ही आईलाज नेता  राजाराम राय और  अंगद कुमार ने भी संगठन की मजबूती और वकीलों की एकता पर बल देते हुए अपने विचार साझा किए। 

एसोसिएशन स्टाफ और क्लर्कों की सक्रिय भागीदारी

यह कार्यक्रम केवल अधिवक्ताओं तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसमें बड़ी संख्या में अधिवक्ता क्लर्कों और एसोसिएशन के स्टाफ ने भी हिस्सा लिया। सभी ने वक्ताओं के विचारों को गंभीरता से सुना और कार्यक्रम को सफल बनाने में अपना सहयोग दिया। प्रतिभागियों के बीच संगठन के सिद्धांतों को लेकर काफी उत्साह देखा गया। 

आभार और समापन

कार्यक्रम के अंत में अध्यक्ष श्री महेश्वर प्रसाद ने उपस्थित सभी अधिवक्ताओं, वरिष्ठ सदस्यों और कर्मचारियों का धन्यवाद ज्ञापित किया। उन्होंने सभी से संगठन के मूल्यों को आगे बढ़ाने का आह्वान करते हुए औपचारिक रूप से संगोष्ठी की समाप्ति की घोषणा की।