सीमांचल की सुरक्षा पर 'चाणक्य' की नजर: अमित शाह का पूर्णिया में भव्य स्वागत, बिहार पुलिस भी हाई अलर्ट पर

अमित शाह का सीमांचल दौरा केवल एक प्रशासनिक प्रवास नहीं, बल्कि देश की सीमाओं को सुरक्षित करने का एक निर्णायक मिशन है। पूर्णिया पहुँचते ही उन्होंने स्पष्ट संकेत दे दिया है कि अवैध घुसपैठ और तस्करी के विरुद्ध केंद्र सरकार 'जीरो टॉलरेंस' की नीति पर काम

Patna - : केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह आज विशेष विमान से पूर्णिया एयरपोर्ट पहुँचे, जहाँ उनका भव्य स्वागत किया गया। हवाई अड्डे पर बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी, केन्द्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय और बिहार सरकार की मंत्री लेसी सिंह ने उनकी अगवानी की। गृह मंत्री का यह दौरा सीमांचल की राष्ट्रीय सुरक्षा और सामरिक दृष्टिकोण से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है, विशेषकर नेपाल और बांग्लादेश से जुड़ी संवेदनशील सीमाओं के मद्देनजर घुसपैठ और तस्करी पर लगाम कसने के लिए यह एक निर्णायक कदम है।

अमित शाह के इस दौरे के बीच, बिहार पुलिस मुख्यालय ने भी राज्य की आंतरिक सुरक्षा और सामाजिक सद्भाव को लेकर कड़े निर्देश जारी किए हैं। पुलिस मुख्यालय द्वारा विशेष रूप से बच्चा चोरी की अफवाहों और सोशल मीडिया पर प्रसारित भ्रामक सूचनाओं के विरुद्ध सभी क्षेत्रीय पुलिस अधिकारियों और जिला अधीक्षकों को अलर्ट किया गया है । मुख्यालय ने स्पष्ट किया है कि अफवाहों का तत्काल सत्यापन कर आवश्यक कार्रवाई की जाए ताकि आमजन में किसी प्रकार का भय व्याप्त न हो 


सुरक्षा तंत्र को मजबूत करने की दिशा में बिहार पुलिस ने डेटा साझा करते हुए बताया कि वर्ष 2025 में कुल 14,699 बच्चों की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज हुई थी, जिनमें से 7,772 बच्चों को सकुशल बरामद कर लिया गया है । शेष 6,927 बच्चों की तलाश के लिए पुलिस पुराने मामलों की गहन समीक्षा कर रही है । गृह मंत्री के विजन के अनुरूप, पूर्णिया हवाई अड्डे पर भी अब मानव व्यापार निरोध इकाई (AHTU) का गठन प्रस्तावित है, जो सीमावर्ती क्षेत्रों में मानव तस्करी पर अंकुश लगाने में सहायक होगा 

राज्य में बच्चों की सुरक्षा के लिए 'मिशन वात्सल्य' पोर्टल के माध्यम से 1,196 थानों को ऑनलाइन जोड़ा गया है, जहाँ गुमशुदा बच्चों का डेटा रियल-टाइम अपडेट किया जाता है । हर थाने में बाल कल्याण पुलिस पदाधिकारी की प्रतिनियुक्ति की गई है और विशेष किशोर पुलिस इकाई (SJPU) जिला स्तर पर इसकी निगरानी कर रही है । गृह मंत्री के दौरे से इन प्रशासनिक प्रयासों को और अधिक गति मिलने की संभावना है, जिससे केंद्र और राज्य के बीच सुरक्षा समन्वय बेहतर होगा।

अंत में, प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध सूचना पर कानून को अपने हाथ में न लें और तुरंत डायल 112 या निकटतम थाने को सूचित करें । गृह मंत्री का यह दौरा स्पष्ट संदेश देता है कि सीमांचल की सुरक्षा, संसाधनों का संतुलित प्रबंधन और घुसपैठ पर प्रभावी नियंत्रण केंद्र सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इस पहल से सीमावर्ती क्षेत्रों में शांति, स्थिरता और विकास के एक नए युग की शुरुआत होने की उम्मीद है।