बिहार पुलिस हवलदार अनुदेशक परीक्षा पेपर लीक मामला : आर्थिक अपराध इकाई की कार्रवाई में 3 गिरफ्तार, भेजा गया जेल

हवलदार अनुदेशक परीक्षा पेपर लीक मामले में तीन गिरफ्तार- फोटो : अनिल कुमार

Patna : बिहार लोक परीक्षा (अनुचित साधन निवारण) अधिनियम, 2024 के तहत आर्थिक अपराध थाना में मामला दर्ज (कांड संख्या-16/2026, दिनांक 30.07.2026) किया गया है। यह पूरा मामला बिहार पुलिस अवर सेवा आयोग, पटना द्वारा आयोजित गृह रक्षा वाहिनी सेवा संवर्ग के अधिनायक अनुदेशक (हवलदार अनुदेशक) परीक्षा के प्रश्न पत्र लीक से जुड़ा है। इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने तीन मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर 31 जुलाई 2026 को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।


गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान

मामले में गिरफ्तार आरोपियों की पहचान पटना जिला निवासी 25 वर्षीय राज समदर्शी उर्फ राजा (पिता- सुशील यादव), वैशाली निवासी 21 वर्षीय अभिषेक कुमार (पिता- शिवचन्द महतो) और वैशाली के ही बायोमीट्रिक सुपरवाइजर 28 वर्षीय नितेश कुमार (पिता- अमित सिंह) के रूप में हुई है। इन तीनों को बेउर जेल भेज दिया गया है।


परीक्षा केंद्र के पास से गिरफ्तारी और पूछताछ में बड़े खुलासे

नगर थाना हाजीपुर के अनुसंधान से मिली गुप्त सूचना के आधार पर आरोपी राज समदर्शी को हाजीपुर स्थित परीक्षा केंद्र के पास से पकड़ा गया था। पूछताछ के दौरान उसने परीक्षा में फर्जीवाड़े की बात स्वीकार की और अपने सहयोगी अभिषेक का नाम उजागर किया। इसके अलावा उसने अप्रैल 2026 में हुई AEDO परीक्षा में भी धांधली की बात कबूली। उसने खुलासा किया कि बायोमीट्रिक सुपरवाइजर नितेश के जरिए प्रश्न पत्र के उत्तर उस तक पहुंचाए जाते थे। जांच के दौरान आरोपियों के मोबाइल फोन से परीक्षा के एडमिट कार्ड और दोपहर 12:21 बजे भेजी गई उत्तर पत्रक (आंसर शीट) पाई गई।


नामजद आरोपियों के खिलाफ कोर्ट की सख्त कार्रवाई

जांच के आधार पर राज समदर्शी, अभिषेक कुमार, नितेश कुमार और चार अन्य नामजद अभियुक्तों के खिलाफ बिहार लोक परीक्षा अनुचित साधन निवारण अधिनियम की धारा 10/11(1) के तहत मामला दर्ज किया गया। गिरफ्तार तीनों प्राथमिक अभियुक्तों को माननीय न्यायालय में प्रस्तुत किया गया, जहां से अदालत के आदेश पर उन्हें न्यायिक हिरासत में बेउर कारा (जेल) भेज दिया गया।


ईओयू की आगे की जांच और सख्त चेतावनी

आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने स्पष्ट किया है कि वह प्रतियोगी परीक्षाओं में सेंध लगाने वाले गिरोहों और अनुचित लाभ उठाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। इस मामले के सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है और इसमें शामिल अन्य आरोपियों की भूमिका के सत्यापन के बाद कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


अनिल की रिपोर्ट