Bihar weather: बिहार में धूप सितम, उमस से बेहाल होगा सूबा, पटना में भी गर्मी का रहेगा दबदबा

Bihar weather: बिहार में फिलहाल मौसम का मिजाज अपेक्षाकृत सामान्य बना हुआ है, लेकिन आने वाले दिनों में फिजा एक बार फिर करवट ले सकती है। ....

बिहार में धूप सितम- फोटो : social Media

Bihar weather: बिहार में फिलहाल मौसम का मिजाज अपेक्षाकृत सामान्य बना हुआ है, लेकिन आने वाले दिनों में फिजा एक बार फिर करवट ले सकती है। आज यानी 3 अक्टूबर को प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में आसमान साफ से आंशिक रूप से बादल वाला रहने के आसार हैं। दिन चढ़ने के साथ तेज धूप लोगों को गर्मी और उमस से परेशान कर सकती है। बारिश की कोई मजबूत मौसमी प्रणाली सक्रिय नहीं होने के कारण फिलहाल झमाझम बारिश के आसार सीमित बताए जा रहे हैं।

मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक, बारिश के बाद वातावरण में नमी बरकरार है। इसी बीच जब सूरज की तपिश जमीन को गर्म करेगी तो नमी और गर्मी का मेल उमस को और बढ़ा देगा। नतीजा यह होगा कि तापमान सामान्य से अधिक महसूस हो सकता है और लोगों को दिन के वक्त चिपचिपी गर्मी का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि रात में नमी मौजूद रहने के कारण मौसम पूरी तरह खुश्क नहीं होगा।

राजधानी पटना में आज मौसम सामान्य रहने का अनुमान है। सुबह से धूप निकलने के बाद दोपहर तक गर्मी और उमस बढ़ सकती है। फिलहाल बारिश को लेकर किसी बड़े अलर्ट की स्थिति नहीं है। अधिकतम तापमान में करीब 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक इजाफा होने की संभावना जताई गई है।मौसम की मौजूदा तस्वीर में सबसे अहम बात यह है कि बिहार के ऊपर फिलहाल बारिश कराने वाली कोई मजबूत प्रणाली सक्रिय नहीं है। हवा में पर्याप्त नमी जरूर मौजूद है, लेकिन ऊपरी वातावरण से जरूरी उठाव और प्रभावी मौसम प्रणाली के अभाव में बारिश की गतिविधियां दबाव में हैं। यही वजह है कि आज अधिकांश जिलों में मौसम शांत और अपेक्षाकृत स्थिर रह सकता है।

मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, 6 अक्टूबर के आसपास हालात में बदलाव के संकेत हैं। इस दौरान वातावरण में अस्थिरता बढ़ने पर बादलों का जमावड़ा बन सकता है। इसके साथ ही कई इलाकों में आंधी, गरज-चमक और बारिश की गतिविधियां जोर पकड़ सकती हैं। कुछ स्थानों पर बिजली गिरने की आशंका भी बन सकती है।यानी फिलहाल मौसम भले ही शांत दिखाई दे रहा हो, लेकिन अगले कुछ दिनों में फिजा का मिजाज बदल सकता है। धूप और उमस से परेशान लोगों को 6 अक्टूबर के बाद राहत मिलने की उम्मीद बन सकती है, मगर गरज-चमक और आंधी के दौरान एहतियात बरतना जरूरी होगा।