Bihar Politics: सीएम नीतीश को भी लगा बड़ा झटका, अब पार्टी के सीनियर नेता ने छोड़ा साथ, पीके के साथ मिला लिया हाथ

Bihar Politics: बिहार विधानसभा चुनाव से पहले एक बार फिर सीएम नीतीश को बड़ा झटका लगा है। सीएम नीतीश का साथ अब सीनियर नेता और पूर्व मंत्री ने साथ छोड़ दिया है। पूर्व मंत्री के बेटे ने पीके का हाथ थाम लिया है।

सीएम नीतीश को बड़ा झटका - फोटो : reporter

Bihar Politics: बिहार विधानसभा चुनाव होने में अब कुछ ही समय बचा है। चुनाव से पहले ही पार्टी के नेताओं को दल-बदलने का सिलसिला शुरु हो गया है। लगातार एक पार्टी से दूसरे पार्टी में नेता का आना-जाना लगा हुआ है। कई नेता राजद-कांग्रेस, जनसुराज जैसी पार्टी को छोड़ जदयू-बीजेपी में शामिल हो रहे हैं तो वहीं जदयू-बीजेपी के कार्यकर्ता साथ छोड़ विपक्ष दल में शामिल हो रहे हैं। इसी बीच सीएम नीतीश को एक बार फिर बड़ा झटका लगा है। सीएम नीतीश की पार्टी के सीनियर नेता ने अब साथ छोड़ दिया है। सीनियर नेता ने जनसुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर से हाथ मिला लिया है।  

सीनियर नेता ने छोड़ साथ

दरअसल, बिहार के बड़े समाजवादी नेताओं में शुमार रहे रामजीवन सिंह ने जन सुराज को अपना समर्थन दिया है। उनके पुत्र डॉ. राजीव नयन शुक्रवार को बेगूसराय में उनके आवास पर आयोजित कार्यक्रम में प्रशांत किशोर ने जन सुराज में शामिल कराया। इस मौके पर प्रशांत किशोर ने कहा कि रामजीवन सिंह उन कुछ लोगों में हैं, जिनके बारे में कहा जाता है कि अगर वो सक्रिय होते तो राजनीति की दिशा कुछ और होती। 

50 साल लंबा राजनीति जीवन 

पीके ने कहा कि, इन्होंने अब जन सुराज को अपना आशीर्वाद दिया है और अपने पुत्र को पार्टी के कार्यों में शामिल होने की आज्ञा दी है। इसके लिए इनका आभार प्रकट करता हूं। बता दें कि रामजीवन सिंह का करीब 50 साल लंबा राजनीतिक जीवन रहा है। वो पांच बार विधायक और दो बार सांसद रहे हैं। 

कई सरकारों में बने थे मंत्री 

कर्पूरी ठाकुर समेत बिहार की कई सरकारों में मंत्री रहे। जदयू के प्रदेश अध्यक्ष और राष्ट्रीय उपाध्यक्ष भी रहे। साल 2009 में उन्होंने सक्रिय राजनीति से संन्यास ले लिया। वहीं उनके पुत्र 59 साल के डॉ. राजीव नयन बेगूसराय के मंझौल स्थित महेंद्र सावित्री कॉलेज के प्रिंसिपल हैं। इससे पहले 27 सालों तक इसी कॉलेज में प्रोफेसर रहे हैं।

पटना से नरोत्तम की रिपोर्ट