बिहार में पहली बार सरकारी नर्सिंग ट्यूटर्स के लिए 5 दिवसीय रिफ्रेशर प्रशिक्षण शुरू, डिजिटल और व्यावहारिक शिक्षण तकनीकों पर विशेष जोर
Patna : बिहार में नर्सिंग शिक्षा की गुणवत्ता को और बेहतर बनाने के लिए सरकारी नर्सिंग संस्थानों में कार्यरत ट्यूटर्स के लिए 5 दिवसीय “Refresher Training on Advanced and Newer Techniques” का आयोजन स्टेट इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ एंड फैमिली वेलफेयर (SIHFW), शेखपुरा, पटना में किया जा रहा है। 17 से 21 अगस्त 2026 तक चलने वाले इस कार्यक्रम का उद्घाटन राज्य स्वास्थ्य समिति, बिहार की एईडी डॉ. अनुपमा ने दीप प्रज्वलित कर किया। देश व राज्य स्तर पर सरकारी नर्सिंग ट्यूटर्स के लिए इस तरह का संगठित रिफ्रेशर प्रशिक्षण पहली बार आयोजित किया जा रहा है।
डिजिटल और व्यावहारिक शिक्षण तकनीकों पर विशेष जोर
इस प्रशिक्षण के दौरान नर्सिंग शिक्षा को प्रभावी बनाने के लिए Problem Based Learning, Moodle Learning Management System, Concept Mapping, Padlet Method और Genially Method जैसी आधुनिक डिजिटल तकनीकों का व्यावहारिक ज्ञान दिया जा रहा है। इसके साथ ही 'Fish Bowl Method' जैसी सहभागितापूर्ण पद्धतियों के जरिए Peer Learning, Critical Thinking और Group Dynamics को बढ़ावा दिया जा रहा है।
सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं और प्रोटोकॉल की दी जा रही अद्यतन जानकारी
प्रशिक्षण में केवल शिक्षण पद्धतियों तक ही ध्यान सीमित न रखकर केंद्र व राज्य सरकार की महत्वपूर्ण स्वास्थ्य योजनाओं की जानकारी भी दी जा रही है। ट्यूटर्स को मातृ स्वास्थ्य, किशोर स्वास्थ्य, परिवार नियोजन और HIV/AIDS नियंत्रण जैसे राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों के नए प्रोटोकॉल से अवगत कराया जा रहा है, ताकि वे अपने विद्यार्थियों को अद्यतन सरकारी नीतियों के अनुसार पढ़ा सकें।
इस वित्तीय वर्ष में कुल 160 नर्सिंग ट्यूटर्स होंगे प्रशिक्षित
इस प्रशिक्षण योजना के तहत प्रति बैच 40 प्रतिभागियों और 3 फैसिलिटेटर्स को शामिल किया गया है। कुल 4 बैच आयोजित किए जाएंगे, जिससे इस वित्तीय वर्ष के भीतर राज्य के विभिन्न सरकारी नर्सिंग संस्थानों के 160 ट्यूटर्स को आधुनिक तकनीकों में निपुण बनाया जाएगा।
स्वास्थ्य मंत्री का बयान: ‘गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं की आधारशिला है नर्सिंग शिक्षा’
मामले पर राज्य के स्वास्थ्य मंत्री निशांत ने कहा कि नर्सिंग शिक्षा गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं की मजबूत नींव है। सरकार नवीन शिक्षण तकनीकों के माध्यम से नर्सिंग शिक्षा के स्तर को सुधारने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने इस रिफ्रेशर ट्रेनिंग को राज्य और देश के लिए एक अभिनव पहल बताते हुए कहा कि इससे भविष्य की स्वास्थ्य सेवाओं और नर्सिंग विद्यार्थियों के कौशल विकास को जबरदस्त मजबूती मिलेगी।
प्रिय दर्शन की रिपोर्ट