पटना सिटी का 'हड्डी' जाएगा जेल: शीतला मंदिर के पास कट्टा चमकाना पड़ा भारी, पुलिस ने घर से दबोचा
पटना सिटी के अगमकुआं थाना क्षेत्र में सोशल मीडिया पर अवैध कट्टे के साथ टशन दिखाना एक युवक को भारी पड़ गया। छोटी पहाड़ी (शीतला मंदिर) के पास रहने वाले जितेंद्र कुमार उर्फ 'हड्डी' का हथियार लहराते हुए फोटो वायरल हुआ था।
राजधानी पटना के युवाओं में इन दिनों अवैध हथियारों के साथ सोशल मीडिया पर रील्स और फोटो पोस्ट करने का एक खतरनाक फैशन चल पड़ा है। लेकिन पटना पुलिस भी ऐसे रीलबाजों पर लगातार शिकंजा कस रही है। ताजा मामला अगमकुआं थाना क्षेत्र का है, जहाँ सोशल मीडिया पर कट्टा लहराते हुए एक युवक की तस्वीर तेजी से वायरल हो रही थी। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए वायरल फोटो की सत्यता जांची और आरोपी युवक को गिरफ्तार कर लिया।
शीतला मंदिर के पास दुकान से दबोचा गया आरोपी, घर से कट्टा-कारतूस बरामद
गिरफ्तार किए गए आरोपी की पहचान जितेंद्र कुमार उर्फ 'हड्डी' के रूप में हुई है, जो अगमकुआं थाना क्षेत्र के छोटी पहाड़ी स्थित शीतला मंदिर के पास का रहने वाला है। सोशल मीडिया पर फोटो वायरल होने के बाद हरकत में आई अगमकुआं थाने की पुलिस ने जाल बिछाकर आरोपी हड्डी को स्थानीय एक दुकान से धर दबोचा। गिरफ्तारी के बाद जब पुलिस ने उससे कड़ाई से पूछताछ की, तो उसकी निशानदेही पर उसके घर से एक अवैध कट्टा और एक जिंदा कारतूस बरामद किया गया।
युवाओं में अवैध हथियार चमकाने का ट्रेंड, पुलिस की पैनी नजर
आजकल के युवाओं में सोशल मीडिया पर धौंस जमाने और खुद को 'डॉन' साबित करने के लिए हथियारों का प्रदर्शन करने का चलन बढ़ा है। आरोपी जितेंद्र उर्फ हड्डी ने भी इसी तरह अपनी फोटो इंटरनेट पर अपलोड की थी, जिसे देखकर पुलिस उस तक पहुँच गई। पटना पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि सोशल मीडिया की हर ऐसी संदिग्ध गतिविधि पर पुलिस की तकनीकी टीम पैनी नजर रख रही है और हथियार लहराकर कानून को चुनौती देने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
जेल की हवा खाएगा रीलबाज, खंगाला जा रहा पुराना आपराधिक इतिहास
अवैध आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज होने के बाद अब आरोपी 'हड्डी' को जेल भेजने की तैयारी पूरी कर ली गई है। पुलिस अब इस बात की तफ्तीश में जुटी है कि आरोपी के पास यह अवैध कट्टा और कारतूस कहाँ से आया और इसका मुख्य सप्लायर कौन है। इसके साथ ही, अगमकुआं थाना पुलिस जितेंद्र उर्फ हड्डी का पुराना रिकॉर्ड भी खंगाल रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या वह पहले भी किसी संगीन अपराध या आपराधिक गिरोह का हिस्सा रहा है
रिपोर्ट - रजनीश कुमार