सौर ऊर्जा से रोशन होगा कैमूर के पीवीटीजी का परिवार, मुफ्त सोलर पैनल देने के लिए BRBCL और SBPDCL में समझौता

कैमूर जिले के जनजातीय क्षेत्रों के विकास की दिशा में एक बड़ी पहल करते हुए BRBCL और SBPDCL ने हाथ मिलाया है。 इस समझौते के तहत जिले के सुदूर सारादोग गांव में रहने वाले विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूह के 51 परिवारों के घरों को सौर ऊर्जा से रोशन होगा।

Patna : बिहार के कैमूर जिले के सुदूर क्षेत्रों में रहने वाले विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों (PVTG) के जीवन में अब सौर ऊर्जा का उजियारा फैलेगा। गुरुवार को पटना के विद्युत भवन में भारतीय रेल बिजली कंपनी लिमिटेड (BRBCL) और साउथ बिहार पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड (SBPDCL) के बीच एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए। इस परियोजना के तहत कैमूर के सारादोग गांव के 51 परिवारों को मुफ्त सोलर पैनल उपलब्ध कराए जाएंगे।

51 पीवीटीजी परिवारों को मिलेगी बिजली की सुविधा

इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य कैमूर जिले के सारादोग गांव में रहने वाले विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों (PVTG) के जीवन स्तर में सुधार करना है। समझौते के अनुसार, इन 51 परिवारों के घरों में आधुनिक सोलर पैनल लगाए जाएंगे, जिससे उन्हें सतत और स्वच्छ ऊर्जा प्राप्त हो सकेगी। यह कदम उन क्षेत्रों के लिए वरदान साबित होगा जहाँ पारंपरिक बिजली ग्रिड की पहुँच कठिन है।

BRBCL के CSR कोष से होगा पूरा वित्तपोषण

इस पूरी परियोजना की सबसे खास बात यह है कि इसका सारा खर्च बीआरबीसीएल (BRBCL) अपने कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिल्टी (CSR) कोष से वहन करेगी। यह ग्रामीण और जनजातीय क्षेत्रों में सतत ऊर्जा विकास और बुनियादी ढांचा मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा निवेश है।

विद्युत भवन में दिग्गज अधिकारियों की मौजूदगी

इस एमओयू हस्ताक्षर समारोह के दौरान ऊर्जा क्षेत्र के कई महत्वपूर्ण अधिकारी उपस्थित रहे, जिनमें डी.के. सिंह: निदेशक (परियोजना),  डी.आर. देहुरी: सीईओ, बीआरबीसीएल, जय शंकर सहनी मुख्य अभियंता (परियोजना-1, ग्रामीण) शामिल रहे। 

इसके अलावा, बीआरबीसीएल और एसबीपीडीसीएल के कई अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी इस अवसर पर मौजूद रहे, जिन्होंने इस पहल को जनजातीय सशक्तिकरण के लिए मील का पत्थर बताया।