Hindu wedding calendar: 5 फरवरी से शुरू होंगे शादी-ब्याह, साल 2026 में कुल 59 शुभ विवाह मुहूर्त, देखें शुभ मुर्हुत
Hindu wedding calendar: खरमास के बाद 5 फरवरी 2026 से शादी-ब्याह शुरू होने वाली है। साल 2026 में कुल 59 शुभ विवाह मुहूर्त तय किए गए हैं। जानिए महीनेवार तिथियां और चातुर्मास की पूरी जानकारी।
Hindu wedding calendar: खरमास के समापन के बाद एक बार फिर शादी-ब्याह और अन्य मांगलिक कार्यों की शुरुआत होने जा रही है। ज्योतिषीय गणना के अनुसार, 5 फरवरी 2026 से विवाह के शुभ मुहूर्त शुरू हो जाएंगे। पूरे साल में 12 दिसंबर 2026 तक शादी-विवाह के कुल 59 शुभ मुहूर्त बन रहे हैं। इसके साथ ही शहरों और कस्बों में वैवाहिक तैयारियां तेज हो गई हैं।
शुक्र ग्रह के उदय से बने शुभ योग
ज्योतिषाचार्य पीके युग के अनुसार, 1 फरवरी 2026 से शुक्र ग्रह का उदय हो रहा है, जिसके कारण विवाह के लिए अनुकूल योग बन रहे हैं। उन्होंने बताया कि शादी-विवाह के लिए गुरु और शुक्र ग्रह का उदित होना बहुत जरूरी होता है। यदि इन दोनों में से कोई भी ग्रह अस्त होता है, तो विवाह का शुभ मुहूर्त नहीं बनता। फरवरी के पहले सप्ताह से दोनों ग्रहों के अनुकूल रहने के कारण मांगलिक कार्यों की शुरुआत हो रही है।
फरवरी में सबसे ज्यादा विवाह मुहूर्त
वर्ष 2026 में सबसे अधिक 12 विवाह मुहूर्त फरवरी महीने में पड़ रहे हैं। इसके बाद मार्च, अप्रैल, मई और जून में आठ-आठ शुभ तिथियां हैं। जुलाई और नवंबर में चार-चार मुहूर्त हैं, जबकि दिसंबर 2026 में सात शुभ तिथियां निर्धारित की गई हैं। 11 दिसंबर तक विवाह संबंधी सभी मांगलिक कार्य संपन्न हो जाएंगे। शादी-ब्याह के बढ़ते मुहूर्त को देखते हुए शहर में मैरेज हॉल, बैंड-बाजा, कैटरिंग और अन्य सेवाओं की बुकिंग लगभग पूरी हो चुकी है। कई जगहों पर पहले से ही एडवांस बुकिंग कर ली गई है।
महीनेवार विवाह की शुभ तिथियां
फरवरी में 5, 6, 8, 10, 12, 14, 19, 20, 21, 24, 25 और 26 तारीख को विवाह के शुभ मुहूर्त हैं।
मार्च में 1, 3, 4, 7, 8, 9, 11 और 12 तारीख को शादी की जा सकती है।
अप्रैल में 15, 20, 21, 25, 26, 27, 28 और 29 तारीख शुभ हैं।
मई में 1, 3, 5, 6, 7, 8, 13 और 14 तारीख को विवाह मुहूर्त बन रहे हैं।
जून में 21, 22, 23, 24, 25, 26, 27 और 29 तारीख शुभ हैं।
जुलाई में 1, 6, 7 और 11 तारीख को विवाह किया जा सकता है।
नवंबर में 21, 24, 25 और 26 तारीख शुभ हैं।
दिसंबर में 2, 3, 4, 5, 6, 11 और 12 तारीख विवाह के लिए अनुकूल हैं।
जून में अधिकमास और चातुर्मास की अवधि
ज्योतिषाचार्य पीके युग ने बताया कि वर्ष 2026 में ज्येष्ठ अधिकमास पड़ रहा है। 17 मई से 15 जून और 16 जून से 14 जुलाई तक दो बार ज्येष्ठ माह रहेगा। इस दौरान विवाह जैसे शुभ कार्य नहीं किए जाते। इसके बाद 25 जुलाई से 20 नवंबर तक चातुर्मास रहेगा। इस अवधि में भगवान विष्णु योगनिद्रा में रहते हैं, इसलिए विवाह और अन्य शुभ संस्कार नहीं होते। चातुर्मास देवशयनी एकादशी से देवउठनी एकादशी तक रहता है।