पटना में निगरानी का बड़ा एक्शन: जानीपुर एडिशनल SHO संजय सिंह 1 लाख रिश्वत लेते गिरफ्तार

पटना के जानीपुर थाने के एडिशनल एसएचओ संजय सिंह को निगरानी विभाग ने जमीन विवाद सुलझाने के नाम पर 1 लाख रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा। जानें पूरी खबर।

जानीपुर एडिशनल SHO संजय सिंह 1 लाख रिश्वत लेते गिरफ्तार- फोटो : Reporter

बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति को अपनाते हुए निगरानी अन्वेषण ब्यूरो ने राजधानी के जानीपुर थाने में बड़ी कार्रवाई की है।  टीम ने थाने के अपर थानाध्यक्ष को एक लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए मौके पर ही दबोच लिया।  इस कार्रवाई से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। पटना के जानीपुर थाना में तैनात एडिशनल एसएचओ (अपर थानाध्यक्ष) संजय सिंह को बुधवार को निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की टीम ने 1 लाख रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिय यह गिरफ्तारी जानीपुर थाना क्षेत्र के गाजाचक प्लॉट से की गई है।  इस कार्रवाई के बाद से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।


जमीन विवाद निपटाने के लिए मांगी थी 5 लाख की घूस

पीड़ित कौशल किशोर के अनुसार, जमीन संबंधित एक विवाद के निपटारे के बदले में एडिशनल एसएचओ ने उनसे 5 लाख रुपये की भारी-भरकम डिमांड की थी। काफी मोलभाव के बाद मामला 2 लाख रुपये पर तय हुआ। आरोपी अधिकारी बुधवार को गाजाचक मोहम्मदपुर पंचायत के कोरियावाँ प्लॉट पर सर्वे और खूंटा गड़वाने के काम के सिलसिले में पहुंचे थे। 


निगरानी की जाल में फंसे संजय सिंह

पीड़ित ने इस भ्रष्टाचार के खिलाफ दो दिन पहले ही निगरानी विभाग में शिकायत दर्ज कराई थी। विभाग द्वारा मामले के सत्यापन के बाद डीएसपी अरुणोदय पांडे के नेतृत्व में एक धावा दल (ट्रैप टीम) का गठन किया गया। जैसे ही संजय सिंह ने पीड़ित से रिश्वत की पहली किस्त के रूप में 1 लाख रुपये पकड़े, घात लगाकर बैठी निगरानी की टीम ने उन्हें दबोच लिया। 


जानीपुर में पुलिस-भूमाफिया सांठगांठ का आरोप

गिरफ्तारी के बाद पीड़ित कौशल किशोर ने गंभीर आरोप लगाते हुए बताया कि जानीपुर इलाके में भूमाफियाओं का एक बड़ा गिरोह सक्रिय है। उनके अनुसार, यह गिरोह पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों और थानेदारों के साथ मिलकर जमीन पर अवैध कब्जों को बढ़ावा देता है और थाना स्तर पर मामलों को सुलझाने के नाम पर अवैध उगाही की जाती है। फिलहाल, निगरानी की टीम आरोपी को गिरफ्तार कर आगे की पूछताछ और कानूनी प्रक्रिया में जुटी है।