सेवातीर्थ से मोदी सरकार की बड़ी सौगात: दुर्घटना पीड़ितों को मिलेगा ₹1.5 लाख तक मुफ्त इलाज, लखपति दीदी का लक्ष्य हुआ दोगुना
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने नए पीएमओ परिसर 'सेवातीर्थ' में कार्यभार संभालते ही देश के विकास और जन सुरक्षा से जुड़े कई ऐतिहासिक निर्णयों पर मुहर लगा दी है। इन फैसलों में सबसे महत्वपूर्ण 'पीएम राहत योजना' की शुरुआत है।
New Delhi - प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को दिल्ली में नवनिर्मित 'सेवातीर्थ' परिसर का उद्घाटन किया, जिसमें पीएमओ, कैबिनेट सचिवालय और राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद सचिवालय स्थित हैं। कार्यभार संभालते ही प्रधानमंत्री ने महिलाओं, युवाओं और किसानों के सशक्तिकरण के साथ-साथ आम नागरिकों के लिए 'पीएम राहत योजना' जैसी जीवन रक्षक पहल से जुड़ी फाइलों को मंजूरी दी।
पीएम राहत योजना: दुर्घटना पीड़ितों को ₹1.5 लाख तक कैशलेस इलाज
प्रधानमंत्री ने देश के हर नागरिक की सुरक्षा के लिए 'पीएम राहत योजना' की लॉन्चिंग को हरी झंडी दे दी है। इस योजना के तहत सड़क दुर्घटना के शिकार व्यक्तियों को ₹1.5 लाख तक का इलाज बिना नकद भुगतान (कैशलेस) के मिलेगा। इस ऐतिहासिक निर्णय का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि हादसा होने पर किसी भी व्यक्ति की जान इलाज के अभाव में न जाए।
लखपति दीदी का लक्ष्य बढ़ाकर हुआ 6 करोड़
महिला सशक्तिकरण की दिशा में सरकार ने अपनी महत्वाकांक्षा को दोगुना कर दिया है। मार्च 2027 की समय-सीमा से एक साल पहले ही 3 करोड़ लखपति दीदियों का लक्ष्य हासिल कर लिया गया है। इस सफलता को देखते हुए प्रधानमंत्री ने अब मार्च 2029 तक लखपति दीदियों की संख्या बढ़ाकर 6 करोड़ करने का नया और बड़ा लक्ष्य निर्धारित किया है।
कृषि अवसंरचना कोष में भारी बढ़ोतरी
देश की संपूर्ण कृषि मूल्य श्रृंखला को मजबूत करने और किसानों की आय बढ़ाने के लिए प्रधानमंत्री ने कृषि अवसंरचना कोष (Agriculture Infrastructure Fund) की राशि को दोगुना कर दिया है। अब इस कोष की राशि ₹1 लाख करोड़ से बढ़कर ₹2 लाख करोड़ हो गई है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में कोल्ड स्टोरेज और गोदामों जैसी सुविधाओं का तेजी से विकास होगा।
स्टार्टअप्स के लिए ₹10,000 करोड़ का नया फंड
भारत के नवाचार और स्टार्टअप इकोसिस्टम को बढ़ावा देने के लिए प्रधानमंत्री ने 'स्टार्टअप इंडिया एफओएफ 2.0' को मंजूरी दी है। इसके तहत ₹10,000 करोड़ का फंड आवंटित किया गया है, जो विशेष रूप से डीप टेक्निक, शुरुआती स्तर के आइडिया, उन्नत निर्माण और आधुनिक तकनीकों पर काम करने वाले युवाओं को सशक्त बनाएगा।