छात्रों पर लाठीचार्ज के विरोध में राजद विधान परिषद सदस्यों का जोरदार प्रदर्शन, धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर अड़े

एमएलसी अब्दुल बारी सिद्दीकी ने कहा कि सत्ता के मद में मदांध सरकार ने जिस तरह युवाओं पर लाठीचार्ज कराया, उससे साफ है कि सरकार युवाओं की आवाज दबाना चाहती है।

RJD MLC protest- फोटो : news4nation

Bihar News :  नीट प्रश्नपत्र लीक मामले को लेकर पटना में छात्रों के विरोध प्रदर्शन पर हुई पुलिस कार्रवाई के खिलाफ गुरुवार को बिहार विधानमंडल परिसर में राजद के एमएलसी ने प्रदर्शन किया। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर राजद एमएलसी हाथों में बैनर लेकर बिहार विधानमंडल के प्रवेश द्वार पर पहुंचे और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।


इस दौरान राजद के वरिष्ठ नेता और एमएलसी अब्दुल बारी सिद्दीकी ने केंद्र और बिहार सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि देश में एक बार फिर वैसे ही हालात बन रहे हैं, जैसे जेपी आंदोलन के समय बने थे। उन्होंने कहा कि उस समय दिल्ली से पटना तक सरकार बदली थी और आज भी नौजवान, छात्र और युवा आंदोलित हैं। अब्दुल बारी सिद्दीकी ने कहा कि छात्रों की मेधा के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है और उनकी मेहनत की चोरी हो रही है। भाजपा की ओर से छात्रों के मुद्दे पर राजनीति करने के आरोप पर उन्होंने कहा कि “हम समाज, युवा, देश और बिहार की राजनीति करते हैं।”


उन्होंने पटना में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज को लेकर बिहार सरकार पर भी हमला बोला। सिद्दीकी ने कहा कि सत्ता के मद में मदांध सरकार ने जिस तरह युवाओं पर लाठीचार्ज कराया, उससे साफ है कि सरकार युवाओं की आवाज दबाना चाहती है। उन्होंने दावा किया कि आने वाले समय में दिल्ली से लेकर देश के अन्य हिस्सों तक भाजपा सरकारों के खिलाफ जनता का आक्रोश बढ़ेगा।


विधानसभा में भी जोरदार हंगामा

वहीं, नीट पेपर लीक और छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई के मुद्दे पर बिहार विधानसभा में भी जोरदार हंगामा हुआ। सदन की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्षी विधायकों ने नारेबाजी शुरू कर दी और सरकार के खिलाफ विरोध जताया। सत्ता पक्ष और विपक्ष के विधायक आमने-सामने आ गए और सदन में तीखी नोकझोंक देखने को मिली। हंगामा बढ़ने पर विधानसभा अध्यक्ष प्रेम कुमार ने विधायकों को फटकार लगाते हुए कहा कि “यह सदन है, कोई युद्ध का मैदान नहीं।” लगातार जारी हंगामे के कारण विधानसभा की कार्यवाही महज कुछ ही मिनटों बाद दोपहर 2 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई।


दिल्ली से पटना तक छात्रों का आंदोलन

नीट प्रश्नपत्र लीक और परीक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता की मांग को लेकर छात्रों का आंदोलन अब दिल्ली से पटना तक पहुंच चुका है। छात्र पेपर लीक के मामलों में जवाबदेही, निष्पक्ष जांच और पारदर्शी परीक्षा व्यवस्था की मांग कर रहे हैं। पटना में प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर पुलिस कार्रवाई के बाद बिहार में भी यह मुद्दा राजनीतिक रूप से गरमा गया है।