नीट छात्रा मौत मामला: डीजीपी ने सम्राट चौधरी के पास भेजा तो भड़की माँ, पुलिस पर लगाए पैसे लेने के गंभीर आरोप

पटना के शंभू गर्ल्स हॉस्टल में नीट (NEET) छात्रा की संदिग्ध मौत का मामला अब गंभीर मोड़ ले चुका है। इंसाफ की मांग को लेकर भटक रहे परिजनों का गुस्सा आज उस समय फूट पड़ा जब उन्हें अधिकारियों के चक्कर काटने पर मजबूर होना पड़ा।

Patna : पटना के शंभू गर्ल्स हॉस्टल में नीट (NEET) छात्रा की संदिग्ध मौत के मामले में आज पटना की सड़कों पर हाई-वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला। इंसाफ की गुहार लेकर पुलिस मुख्यालय पहुंचे परिजनों को जब डीजीपी कार्यालय से गृह मंत्री सम्राट चौधरी के पास भेज दिया गया, तो मृतका की माँ का धैर्य जवाब दे गया। उन्होंने न केवल पुलिसिया तंत्र को कोसा, बल्कि सीधे तौर पर रिश्वतखोरी के आरोप जड़ दिए।

मुख्यालय से सम्राट चौधरी के आवास तक का चक्कर

शंभू गर्ल्स हॉस्टल केस में न्याय के लिए भटक रहा पीड़ित परिवार आज सुबह राज्य के डीजीपी विनय कुमार से मिलने पहुंचा था। परिजनों को उम्मीद थी कि पुलिस मुख्यालय से तत्काल कोई बड़ी कार्रवाई होगी। लेकिन, वहां मौजूद अधिकारियों ने उन्हें गृह मंत्री सम्राट चौधरी से मिलने का निर्देश देकर आगे भेज दिया।

"पुलिस ने पैसे खा लिए हैं" – माँ का फूटा गुस्सा

अधिकारियों द्वारा एक दफ्तर से दूसरे दफ्तर भेजे जाने (फुटबॉल बनाए जाने) से मृतका की माँ बुरी तरह आक्रोशित हो गईं। उन्होंने रोते हुए मीडिया के सामने चिल्लाकर कहा कि पुलिस प्रशासन इस मामले को दबाने की कोशिश कर रहा है। माँ ने आरोप लगाया कि स्थानीय पुलिस ने आरोपियों से मोटी रकम ले ली है, जिसके कारण मुख्य गुनहगारों पर हाथ नहीं डाला जा रहा है।

 सम्राट चौधरी के घर पहुंचे न्याय के 'दरवाजे'

डीजीपी मुख्यालय के व्यवहार से निराश होकर पूरा परिवार गृह मंत्री सम्राट चौधरी के आवास पर पहुंचा। परिजनों ने मंत्री के समक्ष अपनी बात रखते हुए कहा कि हॉस्टल के भीतर उनकी बेटी की हत्या की गई है, लेकिन साक्ष्यों को मिटाया जा रहा है। उन्होंने सम्राट चौधरी से अपील की कि वे स्वयं हस्तक्षेप करें क्योंकि पुलिस की नियत अब संदिग्ध लग रही है।

हत्यारों की गिरफ्तारी और SIT की मांग

परिजनों ने सम्राट चौधरी से मांग की है कि इस हाई-प्रोफाइल मामले की जांच के लिए तत्काल विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया जाए। उन्होंने आरोप लगाया कि हॉस्टल प्रबंधन के रसूख के कारण जांच को आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की जा रही है।

पुलिस की कार्यप्रणाली पर गहराता सवाल

राजधानी के एक नामी गर्ल्स हॉस्टल में हुई इस मौत ने पटना पुलिस की सुरक्षा दावों की पोल खोल दी है। पीड़ित परिवार का सरेआम यह कहना कि 'पुलिस ने पैसे ले लिए हैं', महकमे की छवि पर गहरा दाग लगा रहा है। अब सबकी नजरें सम्राट चौधरी के निर्देश और पुलिस की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं।

दहशत में अभिभावक और छात्र

इस मामले ने पटना में रहकर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हजारों छात्रों और उनके अभिभावकों को डरा दिया है। परिजनों का कहना है कि यदि प्रशासन ऐसे संवेदनशील मामलों में पारदर्शी जांच नहीं कर सकता, तो बाहरी जिलों से आने वाले बच्चे यहाँ सुरक्षित कैसे रहेंगे।

Report - anil kumar