रामलीला मैदान की रैली को फ्लॉप बताने वाले भ्रम में रहें, 1974 के बाद नहीं देखा गया ऐसा जनसैलाब: मुकेश सहनी

दिल्ली के रामलीला मैदान में विपक्ष की महारैली को वीआईपी संस्थापक मुकेश सहनी ने सफल करार दिया है। उन्होंने कहा है कि लोकतंत्र और जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए हो रहा है संघर्ष और जनता का इसमें पूरा सहयोग मिल रहा है.....

विपक्राष के मलीला मैदान रैली को लेकर मुकेश सहनी का बड़ा बयान- फोटो : देवांशु प्रभात

Patna : विकासशील इंसान पार्टी (VIP) के संस्थापक और बिहार के पूर्व मंत्री मुकेश सहनी ने दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित विपक्ष की महारैली को सत्ता पक्ष द्वारा फ्लॉप करार दिए जाने पर तीखा पलटवार किया है। पटना में मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने दो टूक कहा कि जिन लोगों को इस ऐतिहासिक रैली को फ्लॉप बताना है, उन्हें अपनी भ्रम की दुनिया में रहने दीजिए। हकीकत पूरी देश की जनता जानती है कि वर्ष 1974 के बाद राहुल गांधी के नेतृत्व में रामलीला मैदान में ऐसा भारी जनसैलाब कभी देखने को नहीं मिला था।


पैसे के बल पर राजनीति खरीदने की प्रवृत्ति पर उठाए सवाल, लोकतंत्र बचाने की अपील 

मुकेश सहनी ने राजनीतिक शुचिता पर सवाल उठाते हुए कहा कि आज देश में चुनाव लोकतंत्र के लिए नहीं बल्कि धनबल के आधार पर लड़े जा रहे हैं। यदि पैसे के दम पर जनप्रतिनिधियों को खरीदा जाने लगा, तो आम जनता की आवाज कौन सुनेगा? उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि यदि करोड़ों रुपये खर्च कर सांसदों और विधायकों की खरीद-फरोख्त की जाएगी, तो देश की पूरी राजनीति को प्रभावित करने की स्थिति बन जाएगी। सहनी ने जोर देकर कहा कि देश में जनता के वोट का अधिकार जिंदा रहना चाहिए और पूरा विपक्ष इसी अधिकार की रक्षा के लिए सड़कों पर उतरकर संघर्ष कर रहा है।


जनादेश के अपमान का लगाया आरोप, कहा- भाजपा को सिर्फ और सिर्फ सत्ता से मतलब 

भारतीय जनता पार्टी पर हमला बोलते हुए वीआईपी प्रमुख ने कहा कि भाजपा हमेशा से जनादेश का अपमान करती आई है और उसे नीति या नीयत से कोई सरोकार नहीं है, बल्कि उसे केवल सत्ता चाहिए। उन्होंने हाल ही में निर्दलीय चुनाव जीतकर भाजपा में शामिल होने वाले प्रतिनिधियों का उदाहरण देते हुए कहा कि जनता ने उन्हें सरकार के विरोध और विपक्ष के समर्थन में वोट दिया था, लेकिन वे पाला बदलकर भाजपा में चले गए, जो सीधे तौर पर जनता के साथ विश्वासघात और जनादेश का खुला अपमान है। इस मामले में उन्होंने कहा कि न्यायिक प्रक्रिया जारी है और अदालत को ही इस पर अंतिम फैसला देना है।


गठबंधन धर्म नहीं निभाने का लगाया गंभीर आरोप, पीठ में खंजर भोंकने की बात कही 

भाजपा पर गठबंधन धर्म की आड़ में राजनीतिक धोखेबाजी करने का आरोप लगाते हुए मुकेश सहनी ने कहा कि भगवा पार्टी दो तरह की नीति अपनाती है—सामने से साथ रहने का दिखावा करती है और पीछे से पीठ में खंजर भोंकने का काम करती है। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके साथ भी अतीत में ऐसा ही रवैया अपनाया गया और अन्य सहयोगियों के साथ भी यही नीति बरती जाती है। उन्होंने कहा कि यदि संबंधित लोगों को पहले से ही भाजपा पसंद थी, तो उन्हें चुनाव भी उसी दल से लड़ना चाहिए था। राजनीति में पारदर्शिता और जनता के वोटों का सम्मान होना सर्वोपरि है।


देवांशु प्रभात की रिपोर्ट