Bihar Flood: मही नदी का बांध टूटा, NH-19 पर चढ़ा पानी, सारण के दर्जनों गांव जलमग्न

Bihar Flood: मही नदी का तटबंध करीब 10 से 12 फीट की चौड़ाई में टूट गया। बांध टूटते ही नदी का तेज बहाव निचले इलाकों में सैलाब बनकर घुस गया।...

मही नदी का बांध टूटा- फोटो : reporter

Bihar Flood: मही नदी का तटबंध करीब 10 से 12 फीट की चौड़ाई में टूट गया। बांध टूटते ही नदी का तेज बहाव निचले इलाकों में सैलाब बनकर घुस गया। सारण जिले में बाढ़ का संकट लगातार गहराता जा रहा है। शुक्रवार की देर रात दिघवारा प्रखंड के त्रिलोकचक पंचायत स्थित केशरपुर गांव के समीप मही नदी का तटबंध करीब 10 से 12 फीट की चौड़ाई में टूट गया। बांध टूटते ही नदी का तेज बहाव निचले इलाकों में सैलाब बनकर घुस गया। अचानक आए पानी ने ग्रामीणों को संभलने तक का मौका नहीं दिया। दर्जनों घरों में पानी घुसने के बाद कई परिवार रात के अंधेरे में ही अपना आशियाना छोड़कर सुरक्षित स्थानों की ओर जाने को मजबूर हो गए।

केशरपुर में बांध टूटने से मची तबाही

मही नदी के तटबंध में बड़ा कटाव होने के बाद पानी का बहाव तेजी से रिहायशी इलाकों की तरफ बढ़ा। देखते ही देखते घरों में पानी दाखिल हो गया। अचानक आई आफत के कारण कई परिवार घरेलू सामान, अनाज और दूसरी जरूरी वस्तुएं तक नहीं बचा सके। लोगों के सामने अपने परिवार और मवेशियों को सुरक्षित निकालने की चुनौती खड़ी हो गई।

दर्जनों गांवों का संपर्क प्रखंड मुख्यालय से टूटा

बाढ़ का पानी फैलने से दिघवारा प्रखंड के दर्जनों गांव जलमग्न हो गए हैं। गांवों को जोड़ने वाली संपर्क सड़कें पानी में डूबने से प्रखंड मुख्यालय से आवागमन बाधित हो गया है। कई इलाकों में अब नाव ही आवाजाही का एकमात्र सहारा रह गई है। प्रशासन की ओर से प्रभावित क्षेत्रों में नावों का परिचालन शुरू किया गया है। राहत और बचाव दल पानी में फंसे लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने के साथ खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने में जुटे हैं।

NH-19 पर भी बढ़ा बाढ़ का खतरा

सारण में बाढ़ का पानी अब प्रमुख सड़कों तक पहुंच गया है। हाजीपुर-गाजीपुर राष्ट्रीय राजमार्ग यानी एनएच-19 पर डुमरी गांव के समीप सड़क पर पानी चढ़ने लगा है। महत्वपूर्ण राष्ट्रीय राजमार्ग पर पानी आने से यात्रियों और वाहन चालकों की चिंता बढ़ गई है। यदि जलस्तर इसी तरह बढ़ता रहा तो इस मार्ग पर यातायात प्रभावित होने की आशंका है। प्रशासन और आपदा प्रबंधन की टीमें स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।

दरियापुर में भी घरों में घुसा पानी

मही नदी के उफान का असर दरियापुर प्रखंड में भी दिखाई दे रहा है। यहां 25 से अधिक घरों में पानी घुसने के बाद परिवारों को अपने घर छोड़ने पड़े हैं। कई लोग सड़क किनारे, बांधों और अन्य ऊंचे स्थानों पर शरण लिए हुए हैं। लोग मवेशियों, सूखे राशन और जरूरी सामान के साथ सुरक्षित ठिकानों की तलाश कर रहे हैं।शुक्रवार रात से बढ़ा बाढ़ का पानी शनिवार तक जिले के बड़े हिस्से में फैल गया। सोनपुर, दिघवारा, गरखा, छपरा सदर, रिविलगंज, मांझी, पानापुर, तरैया, अमनौर, परसा और मकेर समेत 11 प्रखंडों के कई गांव बाढ़ की चपेट में हैं। पहले से प्रभावित इलाकों के साथ नए क्षेत्रों में पानी पहुंचने से संकट और गंभीर हो गया है।सबसे बड़ी चिंता उन परिवारों की है जिनके घर चारों तरफ से पानी से घिर गए हैं। कई लोग मचान, छतों और ऊंचे बांधों पर शरण लेने को मजबूर हैं। गृहस्थी बचाने की जद्दोजहद के बीच पीने के पानी और स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां भी बढ़ने लगी हैं। प्रशासन राहत और बचाव कार्य तेज करने में जुटा है, लेकिन बड़ी संख्या में प्रभावित आबादी तक तत्काल राहत पहुंचाना अब भी बड़ी चुनौती बना हुआ है।

रिपोर्ट- धर्मेंद्र रस्तोगी