औचक निरीक्षण के दौरान डॉक्टर के बिना टेक्निशियन कर रहा था जांच, अल्ट्रासाउंड केंद्र को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने किया सील

सुपौल जिले में नियमो की अनदेखी कर चल रहे जांच घरों के खिलाफ स्वास्थ्य विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। स्वास्थ्य विभाग ने औचक निरीक्षण के दौरान एक अल्ट्रासाउंड सेंटर को नियमो की अनदेखी के कारण सील कर दिया है....

अल्ट्रासाउंड केंद्र को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने किया सील- फोटो : विनय कुमार मिश्रा

Supaul : जिले के किशनपुर प्रखंड मुख्यालय स्थित नेशनल अल्ट्रासाउंड सेंटर पर प्रशासनिक और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अचानक औचक निरीक्षण किया। इस दौरान किशनपुर के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी और एसडीएम मनोहर कुमार साहू समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौके पर उपस्थित थे। छापेमारी की इस अचानक हुई कार्रवाई से इलाके में संचालित अन्य निजी जांच केंद्रों में अफरा-तफरी का माहौल कायम हो गया।


बिना डॉक्टर के तकनीशियन कर रहा था अल्ट्रासाउंड

जांच टीम जब अल्ट्रासाउंड सेंटर के भीतर पहुंची, तो वहां का नजारा देखकर अधिकारी दंग रह गए। नियमों को दरकिनार कर किसी योग्य रेडियोलॉजिस्ट या डॉक्टर के बजाय एक तकनीशियन द्वारा मरीजों का अल्ट्रासाउंड किया जा रहा था। तकनीशियन द्वारा सीधे जांच किए जाने के इस गंभीर मामले को अधिकारियों ने स्वास्थ्य मानकों का खुला उल्लंघन माना और तुरंत उच्चाधिकारियों को सूचित किया।


सिविल सर्जन के निर्देश पर सेंटर सील

तकनीशियन द्वारा जांच करने के मामले को गंभीरता से लेते हुए सिविल सर्जन, सुपौल के सख्त निर्देश पर त्वरित कानूनी कार्रवाई की गई। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने नियम उल्लंघन के आरोप में नेशनल अल्ट्रासाउंड सेंटर को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया। इसके साथ ही गैर-कानूनी तरीके से जांच कर रहे संबंधित तकनीशियन और संस्थान संचालक के विरुद्ध विधिसम्मत कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।


अवैध अल्ट्रासाउंड संचालकों में मचा हड़कंप

स्वास्थ्य विभाग और अनुमंडल प्रशासन की इस कड़ी कार्रवाई के बाद जिले भर में अवैध और मानकविहीन अल्ट्रासाउंड केंद्रों के संचालकों में हड़कंप मच गया है। एसडीएम मनोहर कुमार साहू ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि केंद्र को सील कर आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि मरीजों की सेहत और सुरक्षा से खिलवाड़ करने वाले किसी भी संस्थान को बख्शा नहीं जाएगा।


मानकों के उल्लंघन पर होगी कठोर कार्रवाई

अधिकारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता से समझौता बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। बिना योग्य चिकित्सकों के चल रहे या पीसी-पीएनडीटी अधिनियम के नियमों का उल्लंघन करने वाले अन्य निजी जांच केंद्रों पर भी लगातार निगरानी रखी जा रही है। अधिकारियों के मुताबिक आने वाले दिनों में यह जांच अभियान और सख्त किया जाएगा तथा अनियमितता पाए जाने पर केंद्रों को बंद कर प्राथमिकी दर्ज कराई जाएगी।


विनय कुमार मिश्रा की रिपोर्ट