कोसी बाढ़-कटाव पीड़ितों के सवाल पर कोसी नव निर्माण मंच का धरना; मांगे पूरी न होने पर अनिश्चितकालीन सत्याग्रह की चेतावनी

कोसी क्षेत्र में बाढ़ और कटाव से प्रभावित परिवारों की 10 सूत्रीय मांगों को लेकर कोसी नव निर्माण मंच (KNM) की ओर से जोरदार धरना-प्रदर्शन किया गया। मंच के पदाधिकारियों ने दो टूक चेतावनी दी कि मांगे नहीं पूरी होने पर अनिश्चितकालीन सत्याग्रह करेंगे...

कोसी बाढ़-कटाव पीड़ितों के सवाल पर कोसी नव निर्माण मंच का धरना- फोटो : विनय कुमार मिश्रा

Supaul : कोसी क्षेत्र में बाढ़ और कटाव से प्रभावित परिवारों की 10 सूत्रीय मांगों को लेकर कोसी नव निर्माण मंच (KNM) की ओर से गुरुवार को जिला मुख्यालय के डिग्री कॉलेज चौक के पास जोरदार धरना-प्रदर्शन किया गया। धरना समाप्ति के पश्चात मंच के प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी सावन कुमार से मुलाकात कर अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा। डीएम ने मांग पत्र की समीक्षा के बाद कटाव पीड़ितों को गृह क्षति का लाभ दिलाने और पुनर्वास से जुड़ी मांगों पर नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन दिया।


पीड़ितों ने बयां किया दर्दपुनर्वास की उठाई मांग

धरना स्थल पर बोलते हुए कटाव पीड़ित राजेश मंडल, अखिलेश, मो. रऊफ, सुलेखा देवी, रेखा देवी, इशरत प्रवीण और बेबी समसुन ने अपनी आपबीती सुनाई। पीड़ितों ने कहा कि कोसी की भीषण धारा में उनके घर-बार और आजीविका के साधन विलीन हो चुके हैं। बेलागोठ, बगहा, पंचगछिया, खोखनहा, ढोली, सियानी और पिपराही जैसे गांवों के भूमिहीन पीड़ित परिवारों को तत्काल सरकारी जमीन उपलब्ध कराकर स्थायी रूप से बसाया जाए। इसके साथ ही, पिछले वर्ष के बकाया गृह क्षति मुआवजे का तुरंत भुगतान करने की भी मांग की गई।


10 सूत्रीय प्रमुख मांगें

मंच के जिला अध्यक्ष आलोक राय द्वारा पढ़े गए मांग पत्र में मुख्य रूप से निम्नलिखित बिंदु शामिल रहे:

  • बाढ़ राहत व एसओपी लागू करना: तटबंध के भीतर पानी जमा होने की स्थिति को आपदा प्रबंधन विभाग के एसओपी अनुसार बाढ़ मानकर तुरंत राहत कार्य चलाया जाए।
  • स्वास्थ्य और शिक्षा की व्यवस्था: तटबंध के भीतर बंद पड़े उप स्वास्थ्य केंद्रों को चालू करने, नाव से मेडिकल टीम भेजने, नि:शुल्क कोसी छात्रावास और आंगनबाड़ी केंद्र स्थापित करने की मांग।
  • कोसी पीड़ित विकास प्राधिकार को सक्रिय करना: कोसी पीड़ित विकास प्राधिकार को पुनर्जीवित करने, माफ किए गए लगान की वसूली पर रोक लगाने और भू-सर्वे प्रक्रिया को सरल बनाने की मांग।
  • पुनर्वास से पहले बेदखली पर रोक: स्परों और तटबंधों पर शरण लिए लोगों को बिना वैकल्पिक पुनर्वास के वहां से न हटाया जाए।


सितंबर तक ठोस निर्णय नहीं तो होगा सत्याग्रह

कार्यक्रम की अध्यक्षता महेंद्र यादव और संचालन इंद्र नारायण सिंह ने किया। घोघररिया की मुखिया एकता यादव और माले नेता डॉ. अमित ने भी पीड़ितों की मांगों का पुरजोर समर्थन किया। मंच के पदाधिकारियों ने दो टूक चेतावनी दी कि यदि सितंबर माह तक उनकी जायज और संवेदनशील मांगों पर जिला प्रशासन एवं सरकार की ओर से ठोस कार्रवाई नहीं की गई, तो कोसी नव निर्माण मंच की ओर से चरणबद्ध तरीके से अनिश्चितकालीन सत्याग्रह शुरू किया जाएगा।


विनय कुमार मिश्र की रिपोर्ट