खाकी की पारखी नजर से नहीं बच सकी 'हिमाचली' शराब; ट्रक का सीना चीर कर पुलिस ने निकाला मौत का सौदा, तस्कर भी हैरान

पुलिस ने एनएच 22 पर छापेमारी कर लकड़ी के भूसे के नीचे बने गुप्त तहखाने से 70 लाख रुपये की विदेशी शराब बरामद की है। कर्नाटक के चालक और खलासी को गिरफ्तार किया गया है।

Vaishali - मुजफ्फरपुर-हाजीपुर एनएच 22 पर गोढिया के पास गोरौल थाना पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने एक संदिग्ध 12 चक्का ट्रक को रोका। पुलिस को चकमा देने के लिए ट्रक में ऊपर से लकड़ी का भूसा भरा गया था, लेकिन सघन तलाशी के दौरान ट्रक के फर्श के नीचे बना एक विशेष गुप्त तहखाना बरामद हुआ।

हिमाचल से बिहार तक तस्करी का जाल


महुआ एसडीपीओ संजीव कुमार ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि इस कार्रवाई में कुल 670 कार्टन (लगभग 6,000 लीटर) विदेशी शराब जब्त की गई है। प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि शराब की यह बड़ी खेप हिमाचल प्रदेश से लाई जा रही थी। जब्त शराब की बाजार में अनुमानित कीमत 70 लाख रुपये से अधिक बताई जा रही है। 

कर्नाटक के तस्कर गिरफ्तार, मोबाइल लोकेशन से होता था काम

पुलिस ने मौके से ट्रक चालक सिकंदर संरगीवाले (हुबली, कर्नाटक निवासी) और खलासी को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में चालक ने खुलासा किया कि उसे यह ट्रक दिल्ली में मिला था और मोबाइल पर मिलने वाले जीपीएस लोकेशन के आधार पर उसे बिहार में डिलीवरी देनी थी। पुलिस अब चालक के मोबाइल सीडीआर (CDR) और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर मुख्य शराब माफिया की तलाश कर रही है।

जांच में जुटी पुलिस


महुआ एसडीपीओ ने बताया कि पकड़े गए आरोपी लगातार लोकेशन बदल रहे थे ताकि पकड़े न जाएं। पुलिस अब यह पता लगा रही है कि शराब की अंतिम डिलीवरी कहां होनी थी और इस पूरे सिंडिकेट के पीछे कौन-कौन से बड़े चेहरे शामिल हैं। कड़ाके की ठंड के बीच तस्करों की सक्रियता को देखते हुए पुलिस ने अपनी गश्त बढ़ा दी है।

रिपोर्ट - रिषभ कुमार